जिस्म नहीं बेंचने पर कर दिया बेघर
दगाबाज निकला प्रेमी पति, पीड़िता ने एसपी से लगाई मदद की गुहार
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर।
कोतवाली इलाके की एक विवाहिता को जिस्म नहीं बेंचने पर प्रेमी पति ने पीटकर घर से बेघर कर दिया। बेबस विवाहिता दर-दर की ठोकरें खाने को मजबूर है। शनिवार को मंझनपुर पहुंची पीड़िता ने एसपी को प्रार्थना पत्र देते हुए न्याय की गुहार लगाई। पुलिस अधीक्षक ने मंझनपुर कोतवाल को जांच कर कार्रवाई का निर्देश दिया है।
सरायअकिल थाना क्षेत्र के एक गांव की एक युवती का पति से रिश्ता टूटा गया था। इसके बाद उसने मंझनपुर इलाके के एक प्रेमी युवक से वैवाहिक इकरार नामा करा लिया। इसके बाद वह दो बच्चों के साथ प्रेमी पति के घर रहने लगी। कुछ दिनों से पति के साथ घर के अन्य लोग उससे जिस्म का सौदा कराने का दबाव बनाने लगे। इस पर उसने विरोध किया तो 5 नंवबंर की शाम उसे घर के लोगों ने बेरहमी से पीट दिया। चेताया गया कि जो कहेंगें वह करना पड़ेगा नहीं तो इस घर में आपके लिए कोई जगह नहीं बचेगी। पहले पति के साथ प्रेमी पति की यातना से बेघर विवाहिता मंझनपुर थाने पहुंची, और घटना की शिकायत पुलिस से की। आरोप है कि पुलिस ने कोई सुनवाई नहीं की। शनिवार को पीड़िता ने पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देते हुए न्याय की गुहार लगाई। एसपी प्रदीप गुप्ता ने मंझनपुर कोतवाल को जांच कर कार्रवाई का निर्देश दिया है। घटना के बाद से बेघर विवाहिता दर-दर की ठोकरें खाने को विवश है।
हिचकोले खाने को मजबूर मुसाफिर
-दो साल से क्षतिग्रस्त पड़ा है बालकमऊ-भदवां गांव को जाने वाला मार्ग
-शिकायत के बाद भी मरम्मत नहीं होने से ग्रामीणों में आक्रोश
अमर उजाला ब्यूरो
मंझनपुर।
इचौली-बसोहनी मार्ग से बालकमऊ होते हुए भदवां गांव को जाने वाली सड़क दो साल से क्षतिग्रस्त पड़ी है। रास्ते में बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। सड़क पर जानलेवा गड्ढों के कारण आने जाने वाले लोगों कोे मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। रात के समय तो अक्सर साइकिल सवार गिरकर घायल होते रहते हैं। गांववालों का कहना है कि कई बार एसडीएम, लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों से शिकायत की गई। इसके बाद भी सड़क की मरम्मत नहीं कराई जा रही है।
सिराथू तहसील के भदवां और बालकमऊ गांव को मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए 20 साल पहले सड़क निर्माण कराया था। इस रास्ते से गिरधरपुर, खारा, विदनपुर, ककोढ़ा आदि दर्जनों गांव के लोग रोजाना मंझनपुर मुख्यालय तक आवागमन करते है। यह सड़क बीते दो साल से क्षतिग्रस्त पड़ी है। पूरी सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे हो गए हैं। इसके कारण लोगों का इस सड़क से गुजरना मुश्किल हुआ है। सबसे ज्यादा दिक्कत महिलाओं, बच्चों के साथ साइकिल सवारों को भुगतनी पड़ रही है। दिन-रात साइकिल और बाइक सवार अनियंत्रित होकर गिरते रहते है। इलाके के रहने वाले श्यामलाल, लवलेश कुमार, राजकुमार, हीरालाल आदि का कहना है कि कई बार एसडीएम, लोक निर्माण विभाग के अभियंता और अन्य अफसरों से शिकायत भी की गई। इसके बाद भी सड़क की मरम्मत नहीं कराई जा रही है। जिसे लेकर लोगों में जबरदस्त गुस्सा है।