मंझनपुर। बीएसए ऑफिस में रसोइयों के नाम पर फर्जीवाड़ा करने के आरोपी कंप्यूटर ऑपरेटर नीरज जायसवाल की जमानत अर्जी जिला जज ब्रजेश कुमार मिश्र ने खारिज कर दी है।
स्कूलों में एमडीएम बनाने के लिए रसोइयों की तैनाती की गई थी। इसमें एमडीएम के जिला समन्वयक पंकज कुमार, सरसवां विकास खंड के कंप्यूटर ऑपरेटर विनय गुप्ता, मूरतगंज ब्लॉक के कंप्यूटर ऑपरेटर रामकुमार चौरसिया, मंझनपुर ब्लॉक के कंप्यूटर ऑपरेटर करारी कोतवाली के पिंडरा निवासी नीरज जायसवाल ने फर्जी लोगों को रसोइयां बनाकर लाखों रुपये का गबन किया था।
खुलासा होने के बाद बीएसए ने सदर कोतवाली में धोखाध़ड़ी का मुकदमा दर्ज कराया था। इसी मामले में नीरज जेल में है। नीरज के अधिवक्ता की तरफ से जिला जज की कोर्ट में जमानत प्रार्थना पत्र दिया गया था। जिसका विरोध जिला शासकीय अधिवक्ता सोमेश्वर तिवारी ने किया। कोर्ट ने सुनवाई के बाद नीरज की जमानत अर्जी खारिज कर दी।