बुल्डोजर गरजने की डर से सैनी में दुकानदारों ने खुद हटाया अतिक्रमण
राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण ने 24 घंटे का दिया था अल्टीमेटम
सिराथू। एनएचएआई ने सैनी चौराहे पर बसे दुकानदारों को 24 घंटे के अंदर अपना सामान समेट कर चले जाने का फरमान सुनाया था। धमकी दी गई थी कि उन्होंने समय के अंदर अपना अतिक्रमण नहीं हटाया तो प्राधिकरण का बुल्डोजर अतिक्रमण को ध्वस्त करने के लिए आएगा। प्राधिकरण के इस फरमान से सकते में आए दुकानदार अपना सामान समेटकर चले गए हैं। शविनार को चौराहे से अतिक्रमण हटते ही एनएचएआई ने खाली हुई जगह को बैरिकेटिंग कर अपने कब्जे में ले लिया। एनएचएआई के मार्ग नियंत्रक अधिकारी उमेश कुमार ने चौराहे के दुकानदारो के सहयोग पर खुशी का इजहार किया है। कहा कि प्राधिकरण जनहित में ही काम करा रहा है। विकास सैनी कस्बे का ही होना है। वे लोग तो काम खत्म होने के बाद चले जाएंगे। उधर दुकानदारों का कहना है कि प्राधिकरण ने उन्हें बेराजगार कर परिवार को भूखे मरने के हालात पैदा कर दिए हैं। निर्धन वर्ग को पुर्नस्थापित करने के लिए फूटी कौड़ी तक नहीं दी गई है। दुकानदार राम बाबू केशरवानी का कहना है कि वह 25 साल से अपना परिवार पाल रहा था। इस बुढापे में क्या करेगा, कुछ समझ में नहीं आ रहा है। विकालांग अशोक कुमार उर्फ लाला का कहना है कि अब परिवार का भरण-पोषण कैसे होगा।