कासगंज। शासन के प्रदेश स्तरीय शुद्ध ही शुभ है अभियान के तहत शुक्रवार को जिले में खाद्य सुरक्षा विभाग की पांच जिलों की टीमों ने एक साथ छापामारी कार्रवाई की थी। विभिन्न टीम ने 8 प्रतिष्ठानों से घी, दूध और अन्य खाद्य पदार्थों के कुल 17 नमूने लेकर जांच के लिए लैब भेजे थे। इस दौरान 24.85 लाख रुपये का 3819 किलो संदिग्ध देसी घी जब्त कर सील करने की कार्रवाई की गई। लैब रिपोर्ट में मिलावट मिलने पर संबंधित फर्म पर कार्रवाई होगी। शासन की ओर से इन दिनों प्रदेश भर में शुद्ध ही शुभ है अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत शुक्रवार को बदायूं, बरेली, फर्रुखाबाद और अलीगढ़ समेत पांच जिलों की टीमों ने संयुक्त रूप से 8 प्रतिष्ठानों पर औचक छापामारी की। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने बरेली डेयरी लिमिटेड (मधुसूदन डेयरी प्लांट) से स्किम्ड मिल्क पाउडर, घी और सफेद मक्खन के तीन नमूने लिए। अन्य टीमों ने वीके साहू के प्रतिष्ठान से दो, अजय कुमार गुप्ता के प्रतिष्ठान से दो, भरत घी के प्रतिष्ठान से दो और राजीव घी के प्रतिष्ठान से दो नमूने भरें। इसके अलावा बाबूराम रमेश चंद्र के प्रतिष्ठान से घी के दो, अर्निशा मिल्क प्रोडक्ट से घी, पनीर और खोया के नमूने जांच को लिए।इस दौरान टीमों ने संदिग्ध मिलने पर 3819 किलोग्राम देसी घी जब्त कर सील कर दिया। इसकी कीमत 24 लाख 85 हजार 270 रुपये आंकी जा रही है।टीम ने कुल 17 नमूने जांच के लिए भेजे हैं। जांच रिपोर्ट में नमूने गुणवत्ता मानकों पर खरे नहीं उतरते हैं तो संबंधित प्रतिष्ठान के खिलाफ कार्रवाई होगी। मुख्य सहायक आयुक्त, खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन कुलदीप सिंह ने बताया कि लखनऊ स्थित खाद्य सुरक्षा विभाग मुख्यालय से पांच जिलों की टीमों को कार्रवाई के लिए भेजा गया था। 8 प्रतिष्ठानों पर छापामार कार्रवाई के दौरान 17 नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए हैं। संदिग्ध मिलने पर 3819 किलोग्राम देसी घी सील किया गया। जांच रिपोर्ट के आधार पर अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।