मृतिका की बेटी शिवानी ने बताया कि मम्मी और पापा के बीच अक्सर झगड़ा होता रहता था और सुबह भी झगड़ा हुआ था। पापा ने मम्मी के साथ मारपीट की थी। हम दोनों शिकायत करने पुलिस चौकी गए थे, लेकिन पुलिस ने सुनवाई नहीं की। हम लोगों को भगा दिया। उसके बाद मम्मी मुझे लेकर नेशनल हाइवे रेलवे ओवरब्रिज के पास आई थी। मुझे ओवरब्रिज के ऊपर खड़ा कर दिया और मम्मी हाईवे से नीचे उतर कर चली गई। ट्रेन को आते देख मम्मी पटरी पर लेट गई। उनकी ट्रेन से कट गई।
बेटी बोली पुलिस बात सुन लेती तो मेरी मां की जान बच जाती
बेटी का कहना कि अगर पुलिस मम्मी की बात को सुनती तो मेरी मां की जान बच जाती। पुलिस के भागने पर मां ने अपनी जान दी। मृतक के जेठ गुलाब सिंह ने बताया कि उसका भाई शिवनाथ मेहनत मजदूरी करके तथा सरिया बांधने का काम करता है। मृतिका का मायका फतेहाबाद है। उसकी शादी 12 साल पहले हुई थी। मृतिका अपने पीछे तीन बेटी मधु नौ साल, शिवानी सात साल, नैना पांच साल, बेटे अंश दो साल को रोते बिलखते छोड़ गई। घटना को लेकर बच्चे बेहाल हैं। सीओ सिटी अमित कुमार सिंह ने बताया कि ऐसी बात उनके संज्ञान में नही है। यदि महिला की चौकी में शिकायत नहीं सुनी गई तो वह चिंता का विषय है। यदि ऐसा है तो मामले की जांच कराई जाएगी।