कानपुर। जाजमऊ की टेनरियों के 15-15 दिन के रोस्टर पर संचालित किए जाने पर टेनरी संचालकों ने विरोध जताया है। उनका कहना है ट्रीटमेंट संचालक इकाई जल निगम ने गलत रिपोर्ट बनाकर टेनरियों को जानबूझकर बंद कराने का षड्यंत्र रचा है। इस संबंध में सभी संचालकों ने जिलाधिकारी डॉ ब्रह्मदेव राम तिवारी को ज्ञापन सौंपा। जिलाधिकारी ने टेनरी मालिकों से कहा कि वह प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से पूरी टेस्टिंग कराएं और उसकी रिपोर्ट के आधार पर ही पूरी तरह से खोलने पर विचार किया जाएगा। जिलाधिकारी का कहना है कि गंगा में किसी भी सूरत में एक बूंद भी प्रदूषित कचरा नहीं जाने दिया जाएगा। यदि जांच में यह पाया जाता है तो जो टेनरियाँ रोस्टर के हिसाब से संचालित है,उनको भी बंद करा दिया जाएगा। जाजमऊ में स्थापित ट्रीटमेंट प्लांट में 2.7 करोड़ लीटर सीवरेज का पानी और 90 लाख लीटर टेनरियों का प्रदूषित पानी रोजाना शोधन के लिए निर्धारित किया गया है। जल निगम की तरफ से जिलाधिकारी को जो रिपोर्ट दी गई है उसमें जाजमऊ की नदियों से 1.2 करोड़ लीटर प्रदूषित पानी प्लांट में डिस्चार्ज किए जाने की बात कही गई है। ज्ञापन देने वालों में स्माल टेनिस एसोसिएशन के अध्यक्ष बाबू भाई राजा सिंह यादव महामंत्री मोहम्मद नफीस मोहम्मद रिजवान और रिजवान नादरी शामिल रहे।