ढाबे में भी तोड़फोड़ की। इनके जाने के बाद कर्मचारियों ने फोन करके उसे बुलाया। ढाबे पर आने के बाद वहां की स्थिति देख यूपी-112 पुलिस को सूचना दी और घटना की थाने में लिखित तहरीर दी। आरोप लगाया कि पुलिस राजनीतिक दबाव में आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज नहीं कर रही है।
इसी बात से आक्रोशित ढाबा कर्मचारियों ने मानिकपुर थाना परिसर में धरना दिया है। धरने में कई अन्य संगठनों के कार्यकर्ताओं का सहयोग मिल रहा है। समाचार लिखे जाने तक रिपोर्टदर्ज कराने की मांग को लेकर धरना जारी रहा। इस संबंध में एसपी अतुल शर्मा ने बताया कि तहरीर मिली है। मामले की जांच कराकर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
मौके पर न होने का दावा
सांसद के बेटे सुनील पटेल ने बताया कि वे सब मानिकपुर में नगर पंचायत के चेयरमैन से मिलने गए थे। जिस ढाबे पर मारपीट करने के आरोप लगे हैं, उस स्थान पर वह नहीं थे। दावा किया कि किसी भी तरह की गाली गलौज या मारपीट नहीं की है।