ताखा। पंजाब के पटियाला में तैनात डीआईजी की प्रोफाइल बनाकर ऑनलाइन ठगी करने के मामले में पंजाब पुलिस ने एक आरोपी को मोबाइल की लोकेशन की मदद से दबोच लिया। पंजाब पुलिस की 15 दिन के अंदर इटावा में दूसरी दबिश है। इससे पहले भी एक युवक को पकड़कर जेल भेजा जा चुका है। पूरे मामले में पंजाब के अफसरों की फोटो लगाकर ऑनलाइन ठगी कर लाखों रुपये का चूना लगाया गया है।
बताया गया कि इसी वर्ष की शुरूआत में पंजाब के लाहौरी गेट थाने में कई लोगों के साथ ऑनलाइन ठगी कर बडे़ अफसरों की फोटो को प्रोफाइल बनाकर लोगों से ठगी की गई थी। अफसरों का नाम लेकर डरा धमकाकर व ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर भोले-भाले लोगों के खातों से लाखों रुपये निकलवा लिए गए। पूरे मामले में पंजाब पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर वहां की साइबर सेल को जांच सौंपी। जांच में जिन मोबाइल नंबरों से संपर्क कर रुपये लिए गए थे उनकी जांच की गई। इसमें लगातार मामले का खुलासा हो रहा है।
कई लोगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, जबकि अभी भी तमाम लोग इसकी जद में हैं। बताया जा रहा है ऑनलाइन ठगी करने वालों का यहां काफी लंबा गिरोह है। रविवार को पूरे मामले की जांच कर रहीं विवेचना अधिकारी रणनीति कौर ने पंजाब से आकर ऊसराहार पुलिस से संपर्क किया। पहले थाना क्षेत्र के उदयपुर कलां निवासी शिवम यादव को लोकेशन के आधार पर हिरासत में लिया। इसके बाद ऊसराहार में एक युवक को भी हिरासत में लिया। हालांकि बाद में थाने से ही ऊसराहार के युवक को छोड़ दिया गया, जबकि शिवम यादव को पुलिस गिरफ्तार कर अपने साथ पंजाब ले गई।
थाना प्रभारी वेचन कुमार सिंह ने बताया पटियाला के लाहौरी गेट थाने में ऑनलाइन ठगी को लेकर एक मुकदमा धोखाधड़ी और साजिश रचने जैसी कई संगीन धाराओं में दर्ज हुआ है। पूरे मामले में पटियाला के डीआईजी की फोटो को अपनी प्रोफाइल में लगाकर लोगों से ऑनलाइन ठगी की गई। कई खातों में रुपये डलवाए गए और हवाला की तरह रुपये इधर-उधर किए गए। मामले में पटियाला की साइबर पुलिस ने जांच के बाद लगभग 15 दिन पहले ही ऊसराहार निवासी हिमांशू कौशल को गिरफ्तार किया था। जिसके बाद शिवम यादव निवासी उदयपुर कला का नाम प्रकाश में आया तो पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया है। ऊसराहार निवासी आर्यन फरार है। जिसकी तलाश की जा रही है। पंजाब पुलिस ने कानपुर से भी एक युवक को पकड़ा है।