विजयीपुर ब्लॉक क्षेत्र में एक शिक्षक द्वारा बच्चों के पढ़ने के लिए आई किताबों को कबाड़ में बेचने की घटना सामने आई है। मामले का खुलासा सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो से हुआ है। इसके बाद विभाग में हड़कंप में मच गया और आनन फानन में बीएसए ने जांच के आदेश दिए हैं।
फतेहपुर जिले में विजयीपुर ब्लॉक क्षेत्र के ग्राम पंचायत गढ़ा के अंतर्गत आने वाले एक प्राथमिक विद्यालय के अध्यापक का वीडियो वायरल हो गया। इसमें अध्यापक शासन से भेजी गई किताबों को रद्दी में बेचते हुए दिखाई पड़ रहा है।
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हालांकि अमर उजाला वीडियो की पुष्टि नहीं करता है। ग्राम पंचायत गढ़ा के मजरे चितनपुर गांव में बने प्राथमिक विद्यालय में तैनात एक अध्यापक बच्चों को वितरित होने वाली किताबों को कबाड़ी के हाथ बेच रहे हैं, जिसका रविवार को वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हुआ।
वीडियो में यह बताया जा रहा है कि अध्यापक करीब 10 साल से विद्यालय में तैनात हैं और यहीं पर रहते हैं। रविवार को अवकाश होने के कारण उन्होंने विद्यालय से निकलकर किताबें बेची। कबाड़ी वीडियो में बता रहा है कि वह पहले भी किताबें खरीद चुका है।
गांव के एक युवक ने वीडियो में बताया कि अध्यापक ने किताबों को बेचकर केला खरीदा और चले गए। प्रकरण में बीएसए संजय कुशवाहा ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। खंड शिक्षा अधिकारी को जांच करने के निर्देश दिए गए हैं और उसी के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।