निशी कहती हैं कि अपने सपने काे पूरा करने के लिए काफी मेहनत की। दो बार चयन न होने से थोड़ा निराश हुई, लेकिन फिर खुद को संभाला और मन लगाकर तैयारी की और सफलता पाई। बोली, लक्ष्य पर ध्यान तो हर राह होगी आसान के मूलमंत्र को न भूलें।
निरंकार गुप्ता कहते हैं कि मैं अौर पत्नी बहुत अधिक नहीं पढ़े हैं, लेकिन बच्चों को पढ़ाने में कोई कसर नहीं छोड़ी। ननाशी की बड़ी बहन शिवानी गुप्ता और छोटा भाई यश गुप्ता ने आईआईटी मद्रास से इंजीनियरिंग की और अब नौकरी कर रहे हैं।