रावतपुर में सुधाकर द्विवेदी का घर
- फोटो : अमर उजाला
बजरंग दल के राष्ट्रीय संयोजक प्रकाश शर्मा ने बताया तत्कालीन केंद्र सरकार ने हिंदू संगठनों को बदनाम करने की साजिश रची थी। हिंदू संगठनों के पदाधिकारियों को विस्फोट के आरोपों में गिरफ्तार कर संगठनों पर पाबंदी लगाने की तैयारी थी। एटीएस और एनआईए की कार्रवाई के बाद हिंदू और संगठित हुआ। कोर्ट का फैसला आने के बाद खुशी है। नर सेवा नारायण सेवा न्यास के अध्यक्ष अवध बिहारी मिश्रा ने बताया कि एटीएस से पहले एसआईटी का गठन किया गया था। काफी संख्या में हिंदू संगठनों को आतंकवाद में सक्रिय होने की बात कही गई थी। हालांकि पुलिस की रची कहानी की कलई खुल गई है। कोर्ट ने आरोपियों को बरी कर दिया।