काकादेव निवासी चांदनी अग्रवाल अस्पतालों में भोजन की आपूर्ति के लिए कैंटीन संचालित करती हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि पड़ोसी नितेश ने घर बैठे लोन सेटलमेंट कराने का भरोसा दिलाया। उन्होंने उसके खाते में रुपये ट्रांसफर कर दिए। वह छूट दिलाने का लालच देकर 50 हजार रुपये नकद ले गया। आरोप है कि लोन सेटलमेंट न होने पर उससे रुपये मांगे तो 50 हजार रुपये लौटा दिए। बकाया रकम मांगने पर फर्जी ट्रांजेक्शन का स्क्रीनशॉट भेजा। आरोप है कि नितेश के गिरोह में आयुष शुक्ला, दिनेश कुमार, रूही गोस्वामी समेत छह-सात लोग हैं। काकादेव थाना प्रभारी धर्मेंद्र कुमार राम ने बताया कि रिपोर्ट दर्जकर कार्रवाई की जा रही है।