टॉक शो कार्यक्रम में डॉ. टेसी थॉमस
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डीआरडीओ में जाने के लिए अधिक ज्ञान की आवश्यकता है। यह क्षेत्र हजारों मौके लेकर आपके लिए खड़ा है। वहां जिसके पास ज्यादा ज्ञान है, वही सफल हैं। ये बातें मिसाइल अग्निपुत्री कही जाने वाली डीआरडीओ की वैज्ञानिक व नूरुल इस्लाम सेंटर फॉर हायर एजुकेशन विवि की कुलपति डॉ. टेसी थॉमस ने कहीं। वह बुधवार को फिक्की फ्लो की ओर से आयोजित टॉक शो में पहुंची। वह अग्नि-4 परियोजना की प्रोजेक्ट डायरेक्टर रही हैं। इवेंट चेयर डॉ. रूबी चावला ने बातचीत में उन्होंने कहा कि कामयाबी के लिए प्रेरणादायी मार्गदर्शक भी जरूरी है। जो मुझे मेरे गुरु पूर्व राष्ट्रपति डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम से मिला। मुझसे डॉ. कलाम ने कहा कि विफलता सीखने का पहला कदम है। चेयरपर्सन नलिनी सांवल ने पूरे वर्ष के कार्यों की जानकारी दी। इस माैके पर डॉ. टेसी थॉमस ने डॉ. आरती गुप्ता, पूजा गुप्ता, कनिका वैद, अर्चना खेतान को सम्मानित किया। यहां पर श्वेता श्रीवास्तव, को चेयर मनी अग्रवाल, नीति टंडन, साक्षी खन्ना, स्मिता कनोडिया, स्वैंकी गुप्ता, श्रुति टंडन, रितु लॉर्ड, शेफाली राज, बरशा अग्रवाल आदि रहीं।