कानपुर देहात के मंगलपुर क्षेत्र में तीन साल पहले घर में घुसकर नाबालिग से हुए दुष्कर्म के मामले में अदालत ने दोषी को दस साल कठोर कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही अर्थदंड भी लगाया है। सहायक शासकीय अधिवक्ता रामरक्षित शर्मा व अमित सिंह चौहान ने बताया कि मंगलपुर क्षेत्र निवासी एक महिला ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए कहा था कि 18 फरवरी 2020 की दोपहर वह नाबालिग बेटी (16) को घर पर छोड़कर संदलपुर गई थी।
वापस लौटने पर घर का दरवाजा खुला मिला। जब वह घर के अंदर पहुंची तो क्षेत्र निवासी अंकित शुक्ला नाबालिग बेटी से दुष्कर्म करता मिला। बेटी को किसी तरह छुड़ाकर अंकित को कमरे में बंद कर दिया। सूचना पर पहुंचीं पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। मामले की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश 13 पॉक्सो बाकर शमीम रिजवी की अदालत में चल रही थी।
शुक्रवार को अदालत ने अंकित को दोषी करार देते हुए दस साल कठोर कारावास की सजा सुनाई। 35 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड अदा न करने पर छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी। अर्थदंड से आधी राशि पीड़ित को देने के आदेश भी अदालत ने दिए हैं।