रनियां (कानपुर देहात)। विसायकपुर स्थित रिफाइंड ऑयल फैक्टरी परिसर में गुरुवार की रात कर्मचारी आवास के एक कमरे में रसोई गैस सिलिंडर फट गया। इससे एक कर्मचारी की मौत हो गई। घटना में दंपती व उनका बेटा और दो साथी घायल हो गए।
सभी को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सूचना पर डीएम नेहा जैन व एसपी बीबीजीटीएस मूर्ति समेत कई अफसरों ने शुक्रवार को जांच की। फोरेंसिक टीम ने यहां से साक्ष्य जुटाए। धमाके की वजह सिंलिडर लीक होने के दौरान पंखे का स्वीच ऑन करना बताया गया है।
कानपुर नगर बिरहाना रोड निवासी महेशचंद जैन व विजय गुप्ता की रनियां के विसायकपुर में वैभव एडबिल्स प्राइवेट लिमिटेड नाम से रिफाइंड ऑयल फैक्टरी है। यहीं पर हरदोई के हरियावा गदाईपुर गांव निवासी राजीव (30) काम करता था। वह परिसर में बने कर्मचारी आवास में राजपुर के गौरी रतन बांगर गांव निवासी रोहित व झींझक सुखानपुर के आशीष (22) के साथ रह रहा था।
गुरुवार रात रोहित ने रसोई गैस पर खाना पकाया और उसका नॉब पूरी तरह बंद करना भूल गया। इससे गैस लीक होती रही। रात करीब 12 बजे रोहित ने जैसे ही पंखे का स्विच ऑन किया तो तेज धमाके के साथ गैस सिलिंडर फट गया।
धमाका इतना तेज था कि कमरे की छत व दीवारों की ईंट तक बाहर आ गई। चारों तरफ मलबा बिखर गया। इससे राजीव, रोहित व आशीष के साथ बगल के कमरे में रह रहे दूसरे कर्मचारी घाटमपुर के राजेश, उनकी पत्नी संगीता व बेटा आदर्श घायल हो गए।
धमाके की आवाज सुनकर फैक्टरी में मौजूद मैनेजर व कर्मचारी मौके पर पहुंचे और घायलों को रनियां पीएचसी भेजा। वहां से डॉक्टर ने राजीव, आशीष और रोहित को कानपुर नगर के हैलट और उर्सला अस्पताल रेफर कर दिया।
हैलट पहुंचने पर डॉक्टरों ने राजीव को मृत घोषित कर दिया गया। रोहित को डॉक्टर ने उर्सला से केजीएमयू लखनऊ रेफर कर दिया। आशीष का कानपुर नगर के एक निजी अस्पताल में इलाज चल रहा है। दंपती व उनके बेटे को अकबरपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
वहीं, घटना के बाद फैक्टरी प्रबंधन ने रात भर पुलिस को मामले की जानकारी नहीं दी। शुक्रवार सुबह सूचना पर रनियां पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बाद डीएम नेहा जैन व एसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने भी घटनास्थल का मुआयना कर फैक्टरी प्रबंधन से पूरी जानकारी ली।
फोरेंसिक टीम ने साक्ष्य संकलित किए। मौके पर फटे सिलिंडर के टुकड़े मिले। एसपी बीबीजीटीएस मूर्ति ने बताया कि सिलिंडर फटने से हादसा होने की बात जांच में सामने आई है। घायलों ने भी यही बयान दिया है। किसी प्रकार का कोई आरोप नहीं लगाया गया है। फिर भी मामले की जांच की जा रही है।