कानपुर। जम्मू मेल एक्सप्रेस पर पत्थरबाजी की गई। जीआरपी ने चार लोगों को दबोचा है। बाद में जांच के दौरान पता चला कि यह पत्थरबाजी नहीं थी बल्कि रेलवे ट्रैक पर काम कर रहे श्रमिकों से हुई एक गलतफहमी थी। पुलिस ने चार श्रमिकों को शांति भंग के आरोप में गिरफ्तार किया है। घटना 15 जून को रूमा के पास हुई। सूबेदारगंज से कटरा जाने वाली जम्मू मेल के लोको पायलट ने कंट्रोल रूम को ट्रेन में पत्थरबाजी की सूचना दी। जीआरपी प्रभारी निरीक्षक ओमनारायण सिंह और आरपीएफ प्रभारी एसएन पाटीदार फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। मौके से चार लोगों महाराजपुर निवासी तुषार यादव, उन्नाव निवासी अभिषेक, रूमा निवासी अभिषेक सोनी और प्रेमचंद को दबोचा। जीआरपी प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि छानबीन में पता चला कि पीडब्ल्यूआई विभाग के श्रमिक रेलवे ट्रैक के मरम्मत कार्य में लगे थे। ट्रेन आने पर लोको पायलट ने हॉर्न बजाया। इससे श्रमिक चौंक गए। उनके हाथ में मौजूद गिट्टी उछल गई और वह फेंककर भागने लगे इसी वजह से लोको पायलट को पत्थरबाजी का आभास हुआ। इससे रेल संचालन में व्यवधान हुआ। जीआरपी ने चारों श्रमिकों का चालान कर दिया।