इसके साक्ष्य उसके पास मौजूद हैं। कुछ वर्षों पहले आनंद मोहन की नौकरी सेना में लग गई, जिसके बाद से वह उससे नहीं मिल रहा था। उसने कई बार आनंद को फोन किया, लेकिन उसने शादी से इनकार कर दिया। इसके बाद से वह जब भी वह फोन करती, वह उसकी बात अपने परिवार के लोगों या रिश्तेदारों से करा देता है।
वह लोग भी इस शादी से इनकार कर रहे हैं। वह कई बार आनंद के घर पर भी गई तो उसके घर वालों ने भी शादी से इनकार करते हुए उसे गाली गलौज कर घर से निकाल दिया। कुछ माह पहले आनंद के फूफा श्याम मिश्रा का उसके पास फोन आया। उन्होंने बताया कि शादी के बारे में बात कर ली है। वह शादी करवा देंगे, इसकी बात करनी है।
इसलिए बरवर कस्बा आ जाओ। उनकी बात पर विश्वास करके जब वह बरवर गई, जहां श्याम मिश्रा उसे बरवर (लखीमपुर खीरी) के पूर्व चेयरमैन संजय मिश्रा के घर ले गए। वहां उसे एक कमरे में बंद कर उसके साथ जोर जबरदस्ती की। उसके विरोध करने पर उन्होंने गाली गलौज कर उसे पीटा।
उसे सोशल मीडिया के जरिये रिश्तेदारी में बदनाम भी किया। इसके बाद से उसके पिता सदमे में हैं। पुलिस ने इस मामले में आनंद मोहन, सत्येंद्र तिवारी उर्फ भैयन निवासी रैंगाई कोतवाली पिहानी, श्याम मिश्रा निवासी मोहम्मदी खीरी, संजय शर्मा पूर्व चेयरमैन बरवर (खीरी), पिहानी निवासी दिव्या व आनंद मोहन के माता और पिता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।