सरकारी क्रय केंद्रों में भ्रष्टाचार व अनियमितताओं की मुख्यमंत्री से शिकायत करने के लिए सोमवार को भारतीय किसान यूनियन के दोनों गुटों की अगुवाई में बड़ी संख्या में किसान पैदल लखनऊ हुए। तहसील कार्यालय में एडीसीपी व तहसीलदार के समझाने के बाद भी किसान नहीं माने। कस्बे में पैदल यात्रा करते हुए मंडी में जाकर बैठ गए। किसान दोषियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग पर अड़े रहे। इसके बाद लखनऊ रवाना हो गए।
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मालूम हो कि भारतीय किसान यूनियन ने तहसील दिवस में क्रय केंद्रों में ज्वार की खरीद को लेकर शिकायत की थी। आरोप लगाया था कि ज्वार खरीद में जिनके पास खेत नहीं है, उनके नाम पर भी खरीद की गई है। शिकायत का निस्तारण न होने पर मुख्यमंत्री से शिकायत करने की चेतावनी दी थी। इसके चलते भाकियू (भानु गुट) के राष्ट्रीय महासचिव इंद्रजीत फौजी और टिकैत गुट के तहसील अध्यक्ष विनोद सिंह की अगुवाई में सोमवार को सुबह से ही किसान तहसील में एकत्र होने लगे।
सूचना मिलने पर पहुंचे एडीसीपी मनोज कुमार व तहसीलदार लक्ष्मी नारायण बाजपेई ने उन्हें काफी समझाने का प्रयास किया। प्रशासनिक अधिकारियों के आश्वासन पर दोनों अफसरों ने दो घंटे का समय मांगा। इसी बीच किसान जुलूस की शक्ल में निकल पड़े। इसके बाद कानपुर रोड स्थित मंडी में जाकर बैठ गए। किसान दोषियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने की मांग पर अड़े थे। अधिकारियों की ओर से दिए गए दो घंटे का समय समाप्त होने के बाद किसानों का जत्था पैदल लखनऊ के लिए रवाना हो गया।