एक सहेली के पिता ने हत्या का आरोप लगाया था। पैनल से हुए पोस्टमार्टम में दोनों सहेलियों की मौत फंदा लगने से दम घुटने के कारण होना बताई गई थी। दुष्कर्म की पुष्टि के लिए दोनों की स्लाइड बनाकर सुरक्षित की गई थी। एसपी आलोक प्रियदर्शी ने जारी प्रेस नोट में बताया कि गुरुवार रात पुलिस ने युवती के पिता की तहरीर पर गांव के पवन व कंपिल थाना क्षेत्र के गांव भैसार धर्मपुर निवासी दीपक के खिलाफ दोनों सहेलियों को आत्महत्या के लिए उकसाने का मुकदमा दर्ज किया था।
एक मोबाइल व एक सहेली के कपड़ों से सिम बरामद किया था
दोनों युवक कपड़े सिलाई का काम करते हैं। पांच माह से दोनों के प्रेम संबंध थे, जिसका परिजन विरोध कर रहे थे। जन्माष्टमी वाले दिन परिजनों के साथ पुत्री व उसकी सहेली मंदिर में कार्यक्रम देखने गई थीं। परिजन रात को एक बजे घर आ गए, लेकिन पुत्री व सहेली घर नहीं आईं। खोजबीन करने पर रात में उनका पता नहीं चला। सुबह दोनों के शव दुपट्टे से फंदे पर लटके मिले थे। पुलिस को मौके से एक मोबाइल व एक सहेली के कपड़ों से सिम बरामद किया था।
पवन व दीपक को कोर्ट में पेश कर भेजा जेल
जांच में पता चला कि यह सिम दीपक के युवक के नाम पर है। दीपक और उसका साथी पवन पुत्री व उसकी सहेली से बात करते थे। पुलिस ने दोनों युवकों को पकड़ा तो मामले की परतें खुलने लगीं। युवती के पिता की तहरीर पर पुलिस ने दोनों युवकों पर पुत्री और उसकी सहेली को आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने शुक्रवार को पवन व दीपक को कोर्ट में पेश किया, जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया।
सलवार सूट की नाप देने गईं थी तभी युवकों से हुई थी मुलाकात
दीपक की सिलाई की दुकान पर पवन भी काम करता है। दोनों सहेलियां उन्हीं की दुकान में सलवार सूट सिलवाने के लिए पहुंचीं थीं। पुलिस की मानें तो 24 अप्रैल से ही दोनों सहेलियों की पहली बार युवकों से फोन पर बातचीत हुई थी। इसके बाद से बातचीत का सिलसिला शुरू हुआ। 15 मई को दीपक ने अपने नाम से सिम खरीदकर युवती को दिया था।
आरोपी दीपक ने 15 मई को दिया था सिम
दोनों सहेली चाचा व अन्य परिजनों का मोबाइल मांगकर दीपक के दिए हुए सिम को डालकर बात करती थीं। बात करने के बाद वह मोबाइल से डाटा डिलीट कर देतीं थीं।कुछ समय पहले सहेलियों के परिजनों को इसकी जानकारी हो गई। ऐसे में दोनों सहेली पवन व दीपक से दूरी बनाने की बात कह रही थीं। पवन व दीपक उनसे मिलने व बात करने का दबाव बना रहे थे। जन्माष्टमी की रात को भी पवन व दीपक ने मोबाइल पर बात कर मिलने का दबाव बनाया था। इससे परेशान होकर दोनों सहेलियों ने फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली।
युवती की मां ने बात करने का आरोपियों से किया था विरोध
एसपी आलोक प्रियदर्शी ने बताया कि कुछ दिनों पहले युवती की मां को पवन व दीपक के मोबाइल से पुत्री तथा सहेली से बात करने की जानकारी हुई थी। इस पर मां ने दीपक व पवन की दुकान पर जाकर उनको पुत्री व सहेली से बात नहीं करने की हिदायत दी थी। उसके बाद भी दोनों सहेलियों से बात करने का दबाव बना रहे थे।
सांसद, विधायक के सामने पिता ने सीबीआई जांच की मांग की
दो सहेलियों की मौत के बाद राजनीति जोर-शोर से शुरू हो गई। भाजपा सांसद और विधायक भी पीड़ितों से मिलने पहुंचे। युवती के पिता ने कहा कि वह पोस्टमार्टम रिपोर्ट से संतुष्ट नहीं हैं। बेटियां आत्महत्या नहीं कर सकती हैं। उन्होंने मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग की। एक के पिता ने सीधे हत्या का आरोप लगाया। कहा कि रिपोर्ट में फंदा लगाकर जान देने की रिपोर्ट उनके गले नहीं उतर रही है।
गले नहीं उतर रही पुलिस की कहानी: लुईस
वहीं, मामले में पुलिस ने आत्महत्या के लिए उकसाने के आरोप में दो को गिरफ्तार कर घटना का खुलासा भले ही कर दिया है, लेकिन विपक्षी दलों के नेताओं के यह कहानी गले नहीं उतर रही है। इस मामले में पूर्व विदेश मंत्री सलमान खुर्शीद की पत्नी लुईस खुर्शीद ने कहा कि इससे न पीड़ित परिवार संतुष्ट है और न ही उनके समझ में आया है। उन्होंने कहा कि इसमें पुलिस किसी के दबाव में काम कर रही है। पीड़ित परिवार को जब तक पूरी तरह न्याय नहीं मिल जाता, तब तक वे चुप नहीं बैठेंगी। इस मामले में उच्चस्तरीय जांच कराई जाएगी।