कैंट के एक प्रतिष्ठित क्लब के गार्ड ने बंदर को गोली से उड़ा दिया। वहां मौजूद रिक्शा चालक इंद्रजीत और राजू चाय वाले से बंदर को तड़पते नहीं देखा गया। उसे पशु चिकित्सालय ले गए।
जहां इलाज के दौरान बंदर की मौत हो गई। सूचना पर वन विभाग के डिप्टी रेंजर हॉस्पिटल पहुंचे और दोनों प्रत्यक्षदर्शियों के बयान दर्ज किए। मंगलवार को बंदर के पोस्टमार्टम के बाद आरोपियों पर कार्रवाई होगी।
कैंट इलाके में सोमवार को बंदर की धमाचौकड़ी से तंग क्लब के गार्ड ने 312 बोर की बंदूक से गोली मार दी। बंदर गंभीर रूप से घायल हो गया और तड़पते हुए दीवार से नीचे जा गिरा। बंदर को तड़पता देख राजकुमार और इंद्रजीत उसे चुन्नीगंज पशु चिकित्सालय ले गए।
हॉस्पिटल बंद मिलने पर दोनों बंदर को लेकर रायपुरवा स्थित पशु चिकित्सालय पहुंचे। सूचना पर वन विभाग के डिप्टी रेंजर आरएस शुक्ला भी अस्पताल पहुंच गए। रात दस बजे बंदर की मौत हो गई।
डिप्टी रेंजर ने राजू और इंद्रजीत के बयान दर्ज करने के साथ ही मौका मुआयना किया। इस बीच क्लब का गार्ड मौके से भाग निकला। क्लब के पदाधिकारियों ने मामले से अनभिज्ञता जताई। डिप्टी रेंजर ने मामले की सूचना कैंट थाने में दी है।