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नौबस्ता में गार्ड की हत्या कर पांच लाख लूटे

Thu, 15 Oct 2015 01:54 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, कानपुर
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नौबस्ता वाई ब्लाक स्थित एस मिनरल वाटर डिपो में मंगलवार रात गार्ड की हत्या कर ऑफिस से पांच लाख रुपए लूट लिए गए। गार्ड की गला दबाकर कर हत्या की गई थी। बुधवार सुबह दूसरे गार्ड के आने पर घटना का पता चल सका।
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घटनास्थल पर पहुंचे एसएसपी शलभ माथुर का कहना है कि वारदात में किसी करीबी का हाथ है। हत्यारे मेन गेट का ताला खोलकर भागे थे। वाई ब्लाक स्थित दीपक कोठारी के डिपो में मंगलवार रात सिमरा गांव निवासी कमल सोनी (50) गार्ड तैनात था। बुधवार सुबह दूसरा गार्ड जूही सफेद कालोनी निवासी गोपाल डिपो पहुंचा तो कमरे में कमल का शव पड़ा था।

उसने डिपो के मैनेजर गौरांग मोदी और सिक्योरिटी एजेंसी के इंचार्ज को सूचना दी। सभी के पहुंचने पर पुलिस को सूचना दी गई। मैनेजर ने पुलिस को बताया कि ऑफिस का ताला भी तोड़ा गया है और दो अलग-अलग कमरों की टेबल की रैक में रखा करीब पांच लाख कैश गायब है। फॉरेंसिक ने पहुंचकर साक्ष्य जुटाए। शराब की दो छोटी बोतलें भी मिलीं।
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शव के पास स्टूल पर कमल का खाना खुला रखा था। मैनेजर मोदी के मुताबिक कमल दिन की ड्यूटी करता था, बुधवार को उसे किसी रिश्तेदार के यहां जाना था, इसलिए गोपाल से ड्यूटी बदल ली थी। एसएसपी का कहना है कि गार्ड को शराब पिलाने के बाद वारदात की गई है, कोई डिपो का कर्मचारी भी शामिल हो सकता है।

सीओ गोविंदनगर ने बताया डिपो के सभी कर्मचारियों से पूछताछ की गई है। मैनेजर समेत पांच अन्य से पूछताछ अभी भी चल रही है।

नहीं लगे थे कैमरे
डिपो में सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे थे। पुलिस का मानना है कि यदि कैमरे लगे होते तो हत्यारों को पकड़ने में आसानी होती। वहीं सामने के मकान की बालकनी में कैमरा लगा था, पुलिस ने जब मकान मालिक से संपर्क किया तो पता चला कि कैमरा पिछले कुछ दिनों से खराब पड़ा हुआ है।

डेढ़ घंटे के बाद दी गई पुलिस को सूचना
गार्ड गोपाल सुबह आठ बजे मौके पर पहुंचा और उसने पहले मैनेजर मोदी और फिर सिक्योरिटी एजेंसी के इंचार्ज को सूचना दी, लेकिन तीनों में से किसी ने साढ़े नौ बजे तक पुलिस को सूचना नहीं दी थी।

गेट खोलकर आया था हत्यारा
गार्ड गोपाल के अनुसार उसने गेट को धक्का देकर खोला था। गेट में भीतर से लगे ताले में चाबी भी लगी हुई थी। पुलिस को शक है कि जान पहचान वाले के लिए ही कमल ने गेट खोला होगा। फिर हत्यारा गेट से ही भाग निकला होगा।

रात 9 से 12 के बीच हुई हत्या
डिपो के ठीक सामने के मकान के गार्ड ने बताया कि मंगलवार की रात आठ बजे के आसपास कमल ने उससे बीड़ी ली थी। इसके बाद फिर नहीं दिखा। शव के अकड़े होने की वजह से भी पुलिस अंदाजा लगा रही है कि हत्या रात 9 से 12 के बीच में हुई होगी।

गले पर मिले नाखून के निशान
पुलिस को कमल के गले में उंगलियों के निशान और नाखून से खरोचने के निशान मिले हैं। इससे अंदाजा लगाया जा रहा है उसकी गला घोंटकर हत्या की गई होगी। पूरी स्थिति पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही साफ होगी।

लाश के पास था मोबाइल
पुलिस को कमल की लाश के पास  से एक मोबाइल भी मिला है।   जो उसका बताया गया। पुलिस का   मानना है कि कॉल डिटेल निकलवाई जाएगी।

पत्नी बेहोश, बेटियां हुईं बदहवास
कमल मूल रूप से रायबरेली के जगतपुर थाना क्षेत्र के परारी गांव का रहने वाला था। सूचना पर पहुंची कमल की पत्नी कृष्णा तो गश खाकर बेहोश हो गई, जबकि बेटियां ममता, मनीसा और मालती पिता को जहर देकर मारने का आरोप लगाकर बदहवास सी हो गई थी।

कैश की थी उनको जानकारी
मैनेजर के मुताबिक रोजाना 20 से 40 हजार रुपये के आसपास ही कैश आता है, लेकिन  मंगलवार को इतनी बड़ी रकम आई थी। जिसे बुधवार को ही बैंक में जमा कराना था।

मैनेजर के अनुसार कैश की जानकारी उनके अलावा ऑफिस में काम करने वाले नवीन कुमार, एसके सिंह को थी। पुलिस का मानना है कि इतनी बड़ी रकम दराज में ही क्यों रखी गई, जबकि अलमारी वहां मौजूद थी।
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