स्वरूप नगर स्थित मधुराज हॉस्पिटल में बुधवार शाम रेलकर्मी एसके मिश्रा की पत्नी ज्ञानशिला मिश्रा (58) को जबरदस्ती भर्ती करने का आरोप लगाते हुए तीमारदारों ने सर्जन डॉ. दीपक अग्रवाल पर हमला बोल दिया।
डॉ. अग्रवाल का गला दबाकर पिटाई की गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने हमलावरों से डॉ. अग्रवाल को मुक्त कराया और एक को हिरासत में ले लिया। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के पदाधिकारी व सदस्य हमलावरों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर स्वरूप नगर थाने पहुंच गए।
पुलिस ने आरके तिवारी और 12 अज्ञात के खिलाफ हत्या के प्रयास समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। ज्ञानशिला मिश्रा को चार अक्तूबर को इलाहाबाद रेलवे अस्पताल ने मल्टी आर्गन फेल्योर (ब्रेन, किडनी, लीवर आदि काम नहीं कर रहे थे), सेप्टीसीमिया के बाद मधुराज हॉस्पिटल स्वरूप नगर के लिए रेफर किया था।
मधुराज हॉस्पिटल रेलवे कर्मचारियों के कैशलेस इलाज के लिए इम्पैनल्ड है। दो दिन से परिजनों का आरोप था कि ज्ञानशिला की मौत हो चुकी है लेकिन अस्पताल वाले रुपये के लिए उन्हें भर्ती रखे हुए हैं। आरोपों की जांच के लिए सोमवार को सीएमओ डॉ. रामायण प्रसाद यादव ने एसीएमओ को अस्पताल भेजा था।
जांच में उन्हें इलाज ठीक मिला। इसके बाद परिजन शांत हुए। बुधवार को परिजनों ने फिर हंगामा शुरू किया। महिला की जांच को पहुंचे सर्जन डॉ. दीपक अग्रवाल को आईसीयू के बाहर घेर लिया और पीटना शुरू कर दिया।
आईएमए की निर्वाचित अध्यक्ष डॉ. आरती लाल चंदानी, सचिव डॉ. अर्चना भदौरिया समेत कई पदाधिकारी थाने पहुंचे। डॉ. चंदानी ने डॉ. दीपक अग्रवाल का मेडिकल कराया।