यूपी के इटावा के पास दिनदहाड़े चलती ट्रेन में बदमाशों ने लूटपाट शुरू कर दी। यात्रियों को बेरहमी से पीटने के बाद उनसे रुपये और सारा सामान छीन लिया। अछल्दा रेलवे स्टेशन के पास बदमाश ट्रेन से कूदकर फरार हो गए।
इटावा जिले के भरथना रेलवे स्टेशन से चढ़े तीन बदमाशों ने 15484 डाउन महानंदा एक्सप्रेस के जनरल कोच में यात्रियों के साथ जमकर मारपीट एवं लूटपाट की। तीन यात्रियों के लगभग 25 हजार रुपये लूट लिए। अछल्दा रेलवे स्टेशन पर ट्रेन रुकने पर तीनों बदमाश उतरकर भाग गए। फफूंद रेलवे स्टेशन पर उतरे दो यात्रियों ने रेलवे पुलिस को आपबीती सुनाई।
बुधवार अपराह्न लगभग डेढ़ बजे इटावा जिले के भरथना रेलवे स्टेशन पर डाउन महानंदा एक्सप्रेस रुकी। ट्रेन के चलते ही इंजन के पास के दूसरे जनरल कोच में तीन बदमाशों ने यात्रियों को पीटना शुरू कर दिया। अधिकांश यात्री बिहार के थे। मारपीट से हड़कंप मच गया। बदमाशों ने यात्रियों की जेबों में हाथ डालना शुरू कर दिया। जिन्होंने विरोध किया तो उनको जमकर पीटा। लालपुर ऐरवाकटरा निवासी कमलेश कुमार पुत्र बचान सिंह से 14 हजार एवं किशनगंज कौचाधमन बिहार निवासी रंजीत मंडल पुत्र शीलूलाल मंडल से आठ हजार रुपये लूट लिए। एक अन्य यात्री की जेब से भी कुछ रुपये निकाल लिए। कुछ यात्रियों ने साहस दिखाते हुए बदमाशों को भी पीटा। तब तक अछल्दा स्टेशन आ गया और यात्री जब तक बदमाशों पर हावी होते, ये कूदकर भाग खड़े हुए। कुछ यात्रियों ने बदमाशों का पीछा भी किया पर वे भीड़ में गायब हो गए।
बदमाशों के पास नहीं थे असलहे
लूट के शिकार यात्री
यात्रियों ने बदमाशों के पास किसी असलहे के होने से इनकार किया है। पुलिस कंट्रोल रूम में यात्रियों ने बताया कि अगली स्टेशन फफूंद है। यूपी 100 की टीम ने जीआरपी को घटना की सूचना दी। महानंदा एक्सप्रेस के फफूंद रेलवे स्टेशन पर लगभग दो बजे पहुंचने से पहले ही जनरल कोच को रेलवे पुलिस एवं यूपी 100 की टीम ने घेर लिया। यहां पर लुटे दो यात्रियों को जीआरपी चौकी फफूंद लाया गया। एक यात्री ने बताया कि उसके कुछ ही रुपए गए हैं। इसलिए वह नहीं रुक सकता। जीआरपी चौकी इंचार्ज रामबरन सिंह दोनों को इटावा जीआरपी थाने ले गए हैं। बताया कि वहीं पर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी। इधर, जीआरपी ने कुछ संदिग्धों से पूछताछ शुरू कर दी है।
यात्री लुटते रहे रेलवे पुलिस रही नदारद
डेमो पिक
महानंदा एक्सप्रेस के जनरल कोच में बदमाशों ने दिनदहाड़े लूटपाट की। इस दौरान यात्री चीखते चिल्लाते रहे पर ट्रेन में चल रहे रेलवे एस्कॉर्ट का कोई अता पता नहीं चला। लुटे यात्रियों का कहना है कि वे लोग अछल्दा रेलवे स्टेशन पर उतरे थे पर वहां पर भी कोई रेलवे पुलिस का स्टाफ नहीं मिला। बताते हैं कि ट्रेन में फिरोजाबाद का जीआरपी स्टाफ एस्कॉर्ट में चलता है।
अब बेटे का एडमीशन कैसे हो पाएगा
ऐरवाकटरा निवासी कमलेश कुमार का कहना था कि वह तीन माह पहले अहमदाबाद मजदूरी करने के लिए गया था। तीन महीने में बड़ी मुश्किल से 15 हजार रुपए बचा पाया था। उसे अपने बेटे का एडमीशन कराना था। इसके लिए रुपए लेकर घर आ रहा था। उसे क्या पता था कि उसकी मेहनत की कमाई ऐसे बदमाश ले उड़ेंगे।
मां की अंत्येष्टि के लिए उधार लिए रुपए कैसे चुका पाएगा
किशनगंज बिहार निवासी रंजीत मंडल ने बताया कि वह गाजियाबाद में पिछले दो महीनों से खेतों पर धान लगाने का काम कर रहा था। इस दौरान बड़ी मुश्किल से आठ हजार रुपए बचा पाए थे। उसकी मां का पिछले दिनों देहांत हो गया था। उनकी अंत्येष्टि आदि के लिए गांव के ही एक व्यक्ति से रुपए उधार लिए थे। उन्हीं को चुकाने के लिए गांव जा रहा था। उसका कहना है कि अब वह कैसे रुपए चुका पाएगा।