बीते 7 नवंबर को युवती का शव बाग में मिला जबकि, 6 नवंबर की रात उसकी हत्या की गई। हत्या के अगले ही दिन हत्यारोपी पिता और भाई पुलिस के सामने आए और रिपोर्ट दर्ज करा पुलिस को गुमराह करते रहे। लगातार तीन दिनों तक मृतका के पिता और भाई पोस्टमार्टम रिपोर्ट लेने का बहाना बनाते हुए कोतवाली गंगाघाट के चक्कर लगाते रहे। पुलिस ने पिता-पुत्र को संदेह नहीं होने दिया कि पुलिस उन पर निगाह रख रही है। कोतवाल ने बताया कि गांव में रहने वाले कुछ ग्रामीणों ने पुलिस की मदद की जिसके बाद हत्या का खुलासा हो सका।