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प्रेमी ने किया था दुष्कर्म, गुस्से से आगबबूला पिता-बेटे ने युवती को ही बेरहमी से मार डाला

Wed, 14 Nov 2018 09:40 AM IST
क्राइम डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
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डेमो पिक
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शुक्लागंज कोतवाली इलाके से 6 नवंबर को बरामद हुई लड़की की लाश मिलने के मामले का खुलासा पुलिस ने कर दिया है।  जांच पड़ताल में दुष्कर्म के बाद युवती की गला दबाकर हत्या का मामला सामने आया था। मृतका के पिता ने भी एक युवक के खिलाफ  दुष्कर्म और हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

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पुलिस ने दुष्कर्म के आरोपी युवक दबोचा भी लिया था लेकिन हत्या का खुलासा नहीं हो पाया था। इधर, आरोपी युवक से पूछताछ व जांच की गई तो मामला ऑनरकिलिंग का निकला जहां मृतका के पिता ने ही अपने नाबालिग बेटे और पड़ोसी के साथ मिलकर अपनी बेटी की हत्या की। मंगलवार को गंगाघाट कोतवाली पुलिस ने आरोपी पिता को गिरफ्तार कर नाबालिग को बाल सुधार गृह भेज दिया है।

 

वारदात का खुलासा करते हुए कोतवाल गंगाघाट हरप्रसाद अहिरवार ने बताया कि माखी थाना क्षेत्र के एक युवक का गंगाघाट क्षेत्र की युवती से बीते 6 महीने से प्रेम प्रसंग चल रहा था। जिस गांव में युवती रहती थी, वहां पर आरोपी युवक का मामा भी रहता था। इसी कारण उस गांव में युवक का आना जाना था। इसकी भनक युवती के नाबालिग भाई को लग गई और उसने पिता को सूचना दी।

बीते 4 नवंबर को आरोपी युवक ने युवती से दुष्कर्म किय जिसकी जानकारी उसके नाबालिग भाई हो गई। आरोपी युवक गांव से भाग निकला। इसके बाद पिता ने बीते 6 नवंबर को बेटी की हत्या करने की योजना बनाई और उसमें गांव के ही एक युवक का शामिल किया। 

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गंगाघाट कोतवाल के मुताबिक, मृतका के नाबालिग भाई ने बहन को बाग में पिता को खाना देने के बहाने बुलाया और वहीं पर डंडे से तीनों ने पहले युवती की पिटाई की फिर तीनों ने मिलकर अंगौछे से उसका गला दबाकर हत्या कर दी। हत्या को आत्महत्या दिखाने के उद्देश्य से पेड़ की टहनी के सहारे उसे लटका दिया। कोतवाल ने बताया कि आरोपी युवक दुष्कर्म की धारा-376, जबकि मृतका के पिता, भाई व पड़ोसी युवक के खिलाफ  आईपीसी की धारा- 302 व 201 में रिपोर्ट दर्ज की गई। 

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पिता और भाई पुलिस को करते रहे गुमराह 

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बीते 7 नवंबर को युवती का शव बाग में मिला जबकि, 6 नवंबर की रात उसकी हत्या की गई। हत्या के अगले ही दिन हत्यारोपी पिता और भाई पुलिस के सामने आए और रिपोर्ट दर्ज करा पुलिस को गुमराह करते रहे। लगातार तीन दिनों तक मृतका के पिता और भाई पोस्टमार्टम रिपोर्ट लेने का बहाना बनाते हुए कोतवाली गंगाघाट के चक्कर लगाते रहे। पुलिस ने पिता-पुत्र को संदेह नहीं होने दिया कि पुलिस उन पर निगाह रख रही है। कोतवाल ने बताया कि गांव में रहने वाले कुछ ग्रामीणों ने पुलिस की मदद की जिसके बाद हत्या का खुलासा हो सका।
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