मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में भाजपा-सपा कार्यकर्ताओं की भीड़ को लेकर हुए विवाद में फायरिंग
पॉलिटिकल बहस में हुई फायरिंग से बुधवार को एक ‘मां’ की जान चली गई।
मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में सपा की ज्यादा और भाजपा की कम भीड़ जुटने को लेकर विवाद हुआ था। फायरिंग कल्याणपुर में हुई और आरोप है कि महिला की मौत उसके बेटे के हाथों चली गोली से हुई। हालांकि दोनों पक्ष एक दूसरे पर फायरिंग और हत्या का आरोप लगा रहे हैं।
कल्याणपुर गूबा गार्डन में सीताराम भदौरिया और नरेशचंद्र त्रिपाठी परिवार के साथ रहते हैं। भाजपा से जुड़े नरेशचंद्र त्रिपाठी कानपुर देहात के रसूलाबाद के सुनासी के ग्राम प्रधान रह चुके हैं। उनकी पत्नी रेखा 2010 में ग्राम प्रधान और 2015 में जिला पंचायत की चुनाव लड़ चुकी हैं। वहीं सीताराम का भाई लकी सपा से जुड़ा है। बुधवार शाम सीताराम का पुत्र अमन (18) पुराना शिवली रोड स्थित कोचिंग से घर लौट रहा था। आरोप है कि रास्ते में नरेश का बेटा का कपिल त्रिपाठी(19) मिल गया। एक दुकान पर खड़े होकर दोनों बात करने लगे। दोनों में मंगलवार को पालिका मैदान में मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में सपा-भाजपा की भीड़ को लेकर बहस होने लगी। चश्मदीदों के मुताबिक कपिल भाजपा और अमन सपा का पक्ष ले रहा था। बहस गालीगलौज में तब्दील हुई और आरोप है कि कपिल ने अमन के साथ मारपीट शुरू कर दी। कमजोर पड़ने पर अमन भाग कर अपने घर गया और अपने चाचा लकी भदौरिया को बताया। गुस्से में लकी-अमन कपिल के घर की ओर भागे। घर से चंद कदम पहले कपिल का बड़ा भाई ऋषि मिल गया तो लकी-अमन उस पर टूट पड़े। लकी का आरोप है कि तब तक कपिल भी घर से तमंचा लेकर आ गया। पीछे-पीछे उसकी मां रेखा भी दौड़ती आई। लकी के मुताबिक कपिल ने तमंचे से उस पर गोली चलाई। बीचबचाव करने में गोली रेखा के सीने को चीरते हुए लकी के पेट पर लगी। दोनों बेटे अपनी मां को लेकर पास के निजी अस्पताल ले गए। रानी को अस्पताल में मृत घोषित कर दिया गया। लकी को पुलिस ने हैलट में भर्ती कराया है जहां उसका ऑपरेशन हुआ। उधर ऋषि का आरोप है लकी ने फायरिंग की जिससे उसकी मां की मौत हो गई। सीओ कल्याणपुर जीतेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि जांच के बाद रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। तहरीर नहीं मिली।