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सेना में नौकरी दिलाने वाले गैंग का भंडाफोड़, ऐसे करते थे काम...

Sat, 29 Apr 2017 01:08 AM IST
टीम डिजिटल, अमर उजाला, कानपुर
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पुलिस की गिरफ्त में अपराधी
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सैन्य अफसरों से सेटिंग और मेडिकल में फर्जीवाड़ा करके सेना में भर्ती कराने वाले अंतर्जनपदीय गैंग का खुलासा पुलिस ने किया है। कानपुर की रेल बाजार पुलिस और क्राइम ब्रांच टीम ने गैंग के सरगना लखनऊ के मोहम्मद अयूब समेत समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया है।
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लखनऊ के बेस अस्पताल के नर्सिंग सहायक समेत दो लोगों की तलाश की जा रही है। इस मामले में सेना के तीन अफसर, एक हवलदार समेत छह लोगों के नाम सामने आए हैं। पकड़े गए आरोपियों के पास से पुलिस ने मानीटर, सीपीयू, दो पेन ड्राइव, एक डायरी, सैन्य अफसरों की मोहरें, दस्तावेजों के साथ दो मोबाइल बरामद किए हैं। 

एसपी क्राइम जितेंद्र श्रीवास्तव ने बताया कि बृहस्पतिवार देर रात रेलबाजार में पैराशूट फैक्ट्री रोड से गोमती नगर लखनऊ के गीतापुर कालोनी खरगापुर के मोहम्मद अयूब, घाटमपुर केवीरनखेड़ा निवासी ज्ञान सिंह और विमल सिंह को गिरफ्तार किया है। विमल और अयूब के मोबाइल बरामद किए गए हैं। धरपकड़ के दौरान तीनों जिस कार में थे, उसके मालिक का भी पता लगाया जा रहा है। एसपी के मुताबिक अयूब गैंग का सरगना है। कानपुर की एक पैथोलॉजी में लैब असिस्टेंट ज्ञान और विमल गैंग में एजेंट का काम करते थे। गैंग में लखनऊ के बेस अस्पताल के नर्सिंग असिस्टेंट कुलदीप और अलीगढ़पिसावां का राजू भी शामिल है। दोनों फरार हैं। पुलिस तलाश कर रही है। 
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ऐसे करते थे काम
एसपी के मुताबिक अयूब की सेना भर्ती में शामिल अफसरों से सेटिंग रहती है। वह सीधे या एजेंटों के माध्यम से आने वाले अभ्यर्थियों से सेना में भर्ती कराने के नाम पर डेढ़ लाख से तीन लाख रुपये तक लेता था। इसके अलावा अयूब मेडिकल में अनफिट कुछ अभ्यर्थियों के नाम भी हासिल कर लेता था। इसके बाद वह खुद या एजेंटों के माध्यम से उक्त अभ्यर्थियों से संपर्क करता था। सौदा तय होने के बाद फर्जी कागजात तैयार कर कुलदीप के जरिए सेटिंग बैठाकर रि-मेडिकल में अभ्यर्थी को पास कराकर सेना में नौकरी दिला देता था। इसके लिए पहले 20 से 25 हजार और नौकरी मिलने के बाद तीन से साढ़े तीन लाख रुपये लेता था। एसपी के मुताबिक सेना में भर्ती पहले स्थानीय स्तर पर मेडिकल होता है। रि-मेडिकल लखनऊ के बेस हास्टिल में होता है। अब तक अलीगढ़, आगरा, लखीमपुर खीरी, हमीरपुर समेत आसपास के शहरों में हुई सेना भर्ती में यह गैंग फर्जीवाड़ा कर चुका है।

400 लोगों को ठग चुके
एसपी ने बताया कि अयूब का लखनऊ में मकान है। इसकी कीमत एक करोड़ से ज्यादा है। वह लग्जरी कार का मालिक है। छानबीन में अब तक 400 युवकों के ठगे जाने का पता चला है। 
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