बांदा। चेक बाउंस मामले में अदालत ने आरोपी को एक साल की कैद व 9 लाख रुपये जुर्माना की सजा सुनाई। जुर्माना अदा न करने पर तीन माह की अतिरिक्त सजा काटनी होगी।
सर्वोदय नगर के राजीव कुमार द्विवेदी ने विशेष न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में दायर किए मुकदमे में कहा था कि चिल्ला थाना क्षेत्र के गुगौली गांव के चंद्रजीत यादव पुत्र सुखनंदन यादव ने उसके साथ साझे में ठेकेदारी करने के लिए 3 जून 2016 को छह लाख रुपये लिए थे।
दो महीने बाद काम शुरू न करने पर रुपये वापस मांगा तो टालमटोल करने लगा। 9 अगस्त 2016 को इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक का छह लाख रुपये का चेक दिया। बैंक शाखा ने चेक यह कहकर वापस कर दिया कि इस नाम का यहां कोई खाता नहीं है। इस पर उसने अधिवक्ता के माध्यम से नोटिस भेजी। लेकिन कोई जवाब नहीं दिया। बुधवार को विशेष न्यायिक मजिस्टे्रट रामकिशोर त्रिपाठी ने इस मामले में फैसला सुनाया। पूरी धनराशि तीन माह के अंदर जमा करने के आदेश दिए। ब्यूरो
चेक बाउंस पर एक साल की कैद, 9 लाख जुर्माना