दो स्वास्थ्य कर्मियों में मारपीट
हरियावां (ब्यूरो)। ब्लॉक के सीएचसी पर शनिवार को दो स्वास्थ्य कर्मियों के बीच एक दूसरे के एरिया में जाने की बात को लेकर विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर दोनों ने एक दूसरे को लात-घूसों से पीट दिया। दोनों महिला स्वास्थ्यकर्मी सीएचसी पर ही तैनात हैं। उनकी बुधवार को टीकाकरण में जांच के लिए ड्यूटी लगती है। बुधवार को क्षेत्र एक दूसरे के एरिया में जाने की बात को लेकर दोनों का विवाद हुआ था। मामला सीएचसी अधीक्षक प्रशांत रंजन के संज्ञान में आने पर दोनों की रिपोर्ट सीएमओ को भेजी थी। शनिवार को जांच के लिए सीएमओ कार्यालय से टीम सीएचसी पर पहुंचनी थी। पर टीम पहुंचने से पहले ही दोनों के बीच विवाद के बाद मारपीट होने लगी। पुलिसकर्मियों ने दोनों पक्ष के लोगों को समझा बुझाकर शांत किया। सीएचसी अधीक्षक ने बताया कि दोनों की रिपोर्ट पुन: सीएमओ को भेज दी है। एसओ राकेश सिंह ने बताया कि मामला संज्ञान में है। इस संबंध में अभी उन्हें किसी भी पक्ष की तरफ से तहरीर नहीं मिली है।
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हादसे में घायल मजदूर की मौत
हरदोई (ब्यूरो)। प्रतापगढ़ के थाना बागराय क्षेत्र के बबनपुर निवासी राजाराम का बेटा पप्पू (35) मजदूरी करता था। वह कई महीनों से पाली थाना क्षेत्र के कस्बा स्थित एक भट्ठे पर मजदूरी करता था। शुक्रवार को उसे घर जाना था। वह शाम को पैदल कस्बा चौराहा गया था। चौराहा पर खड़े होकर वह वाहन का इंतजार कर रहा था। इसी दौरान रूपापुर की तरफ से आए तेज रफ्तार ट्रक ने उसे टक्कर मार दी। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। राहगीरों की सूचना पर पहुंची पुलिस ने एंबुलेंस से उसे सीएचसी में भर्ती कराया। जहां पर हालत गंभीर होने पर डॉक्टर ने जिला अस्पताल रेफर कर दिया। जिला अस्पताल में इलाज के दौरान शनिवार देर रात मौत हो गई। अस्पताल प्रशासन की सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिजनों से पूछताछ के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया। मृतक के बहनोई कमलेश ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने पर आगे की कार्रवाई की बात कही है। कोतवाल भगवान सिंह ने बताया कि मामला संज्ञान में है। इस संबंध में परिजनों की तरफ से अभी तहरीर नहीं मिली है।
गले में दर्द के बढ़े रोगी
सांडी (ब्यूरो)। ब्लॉक के बहादुर नगर गांव में पिछले कई दिनों से लोग गले में दर्द से पीड़ित हैं। ग्रामीणों ने सीएचसी पर बीमारी की सूचना दी थी। इसके बाद भी स्वास्थ्य कर्मी जांच व इलाज के लिए गांव नहीं पहुंचे। इसके चलते परिजन रोगियों का झोलाछाप डॉक्टरों से इलाज कराने को मजबूर हैं। गले के दर्द से अब तक संतोष (12), गौरव (8), ममता (12), ईशान (4), देवेंद्र सिंह (20), उपासना (14) ,अमित (6) पीड़ित हैं।