परिवार को हत्या करने के लिए गाड़ी घुमाते रहे आरोपी
कानपुर से चित्रकूट जाने के लिए आरोपियों को जालौन से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पकड़ना चाहिए था, लेकिन पूर्व साजिश के चलते आरोपी गाड़ी घुमाते रहे। वे पहले जोल्हूपुर मोड़ से हमीरपुर, राठ होकर उरई गए। राठ से पहले भी बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे पर जा सकते थे, लेकिन ऐसा नहीं किया।
2500 रुपये में बुक की थी गाड़ी
पकड़े गए कार चालक संजीव कुमार ने बताया कि त्रिभुवन के साथी वीर सिंह ने चित्रकूट के लिए 2500 रुपये में गाड़ी बुक की थी। घटना को अंजाम देने के बाद उसे जान से मारने की धमकी दी और औरैया के पास छोड़कर भाग गए। गाड़ी कानपुर देहात के नारायणपुर परौंख निवासी दिनेश कुमार की है। नंबर पर संपर्क करने पर फोन नौकर ने उठाया। उसने कहा कि दिनेश दिल्ली में रहते हैं और उनकी कपड़े की दुकान है।
बेटे के जन्मदिन से पहले चित्रकूट दर्शन करने निकला था परिवार
बेटे रामजी का चार अक्तूबर को जन्मदिन है। इसी वजह से परिवार चित्रकूट दर्शन करने जा रहा था। परिवार पहले भी एक बार आरोपी त्रिभुवन के साथ चित्रकूट जा चुका था। उन्हें क्या पता था कि त्रिभुवन के मन में कुछ ऐसा चल रहा है। गोविंदनगर निवासी अरविंद पांडेय के गुजैनी स्थित दो मंजिला मकान में पीड़ित व तीन अन्य परिवार रहते हैं।
चित्रकूट दर्शन करने गया था परिवार
आरोपी त्रिभुवन अकेला रहता है। मकान के निचले तल पर बने सबसे बाहरी कमरे को आरोपी त्रिभुवन ने तीन माह पहले किराये पर लिया था। अंदर वाले कमरे में सूरज यादव अपनी पत्नी के साथ रहता था। ऊपरी मंजिल पर प्रशांत, पत्नी सोनम और दो बच्चों के साथ रहते हैं। पड़ोसन पूजा ने बताया कि बेटे के जन्मदिन की वजह से परिवार चित्रकूट दर्शन करने गया था।
गुरुवार शाम सात बजे घर से निकला था परिवार
पूजा ने बताया कि अमन ने सुबह ही बता दिया था कि शाम को परिवार सहित चित्रकूट जा रही है। करीब सात बजे उसका परिवार घर से निकला। सभी को किराये की कार से जाना था। कार घर से थोड़ी दूर मयंक चौराहे पर खड़ी थी। जाते समय उसने घर का ध्यान रखने और सोमवार को लौटकर आने की बात कही थी। कुछ मकान दूर रहने वाली पड़ोसन रजनी ने बताया कि भले त्रिभुवन तीन माह से पड़ोस में रह रहा हो, लेकिन उसे एक-दो बार ही देखा है। पीड़ित परिवार से उसकी घनिष्ठता थी।
आरोपियों की गिरफ्तारी को टीमें लगाई गईं है। महिला के शव का पैनल द्वारा पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। अपहरण का मुकदमा रविवार को दर्ज कर लिया गया था। अब हत्या की धारा बढ़ाई जाएगी। टैक्सी कार कानपुर देहात निवासी दिनेश के नाम दर्ज है। -डॉ. दीक्षा शर्मा, एसपी हमीरपुर