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आखिर क्यों की हत्या: पूरे परिवार को मारने की थी साजिश, कार में बीच वाली सीट पर बैठाया, आगे-पीछे आरोपी…फिर

Tue, 24 Sep 2024 06:17 AM IST
हिमांशु अवस्थी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हमीरपुर

सार

Hamirpur News: चित्रकूट जाते समय हमीरपुर में गुजैनी की महिला की हत्या और पति व बेटे को मारने के प्रयास का किया गया। आरोपी त्रिभुवन ने परिवार को कार की बीच वाली सीट पर बैठाया था। खुद और उसके साथी आगे-पीछे वाली सीटों पर बैठे थे।
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गिरफ्तार कार चालक - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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चित्रकूट जाते समय गुजैनी की महिला अमन की हत्या पूरी तरह से सोची-समझी साजिश का नतीजा है। इतना ही नहीं उसके पति सूरज और 10 साल के बेटे रामजी की भी जान लेने की तैयारी थी। इसी वजह उसी मकान में किराये पर रहने वाले आरोपी त्रिभुवन ने परिवार को कार की बीच वाली सीट पर बैठाया था। खुद और उसके साथी आगे-पीछे वाली सीटों पर बैठे थे।

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इसके अलावा सीधे चित्रकूट न जाकर कार को इधर-उधर घुमाते रहे। घटना में बाल-बाल बचे बेटे रामजी ने बताया कि पहले पिता का गला घोंटने का प्रयास किया, लेकिन वे चलती कार से कूद गए। इसके बाद मां की हत्या कर फेंक दिया। उसका भी गला घोंटकर कार से फेंक दिया, लेकिन वह बच गया। बताया कि त्रिभुवन और उसके फूफा पीछे की सीट में और साथी आगे की सीट पर बैठा था।

परिवार को हत्या करने के लिए गाड़ी घुमाते रहे आरोपी
कानपुर से चित्रकूट जाने के लिए आरोपियों को जालौन से बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पकड़ना चाहिए था, लेकिन पूर्व साजिश के चलते आरोपी गाड़ी घुमाते रहे। वे पहले जोल्हूपुर मोड़ से हमीरपुर, राठ होकर उरई गए। राठ से पहले भी बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे पर जा सकते थे, लेकिन ऐसा नहीं किया।

2500 रुपये में बुक की थी गाड़ी
पकड़े गए कार चालक संजीव कुमार ने बताया कि त्रिभुवन के साथी वीर सिंह ने चित्रकूट के लिए 2500 रुपये में गाड़ी बुक की थी। घटना को अंजाम देने के बाद उसे जान से मारने की धमकी दी और औरैया के पास छोड़कर भाग गए। गाड़ी कानपुर देहात के नारायणपुर परौंख निवासी दिनेश कुमार की है। नंबर पर संपर्क करने पर फोन नौकर ने उठाया। उसने कहा कि दिनेश दिल्ली में रहते हैं और उनकी कपड़े की दुकान है।

बेटे के जन्मदिन से पहले चित्रकूट दर्शन करने निकला था परिवार
बेटे रामजी का चार अक्तूबर को जन्मदिन है। इसी वजह से परिवार चित्रकूट दर्शन करने जा रहा था। परिवार पहले भी एक बार आरोपी त्रिभुवन के साथ चित्रकूट जा चुका था। उन्हें क्या पता था कि त्रिभुवन के मन में कुछ ऐसा चल रहा है। गोविंदनगर निवासी अरविंद पांडेय के गुजैनी स्थित दो मंजिला मकान में पीड़ित व तीन अन्य परिवार रहते हैं।

चित्रकूट दर्शन करने गया था परिवार
आरोपी त्रिभुवन अकेला रहता है। मकान के निचले तल पर बने सबसे बाहरी कमरे को आरोपी त्रिभुवन ने तीन माह पहले किराये पर लिया था। अंदर वाले कमरे में सूरज यादव अपनी पत्नी के साथ रहता था। ऊपरी मंजिल पर प्रशांत, पत्नी सोनम और दो बच्चों के साथ रहते हैं। पड़ोसन पूजा ने बताया कि बेटे के जन्मदिन की वजह से परिवार चित्रकूट दर्शन करने गया था।

गुरुवार शाम सात बजे घर से निकला था परिवार
पूजा ने बताया कि अमन ने सुबह ही बता दिया था कि शाम को परिवार सहित चित्रकूट जा रही है। करीब सात बजे उसका परिवार घर से निकला। सभी को किराये की कार से जाना था। कार घर से थोड़ी दूर मयंक चौराहे पर खड़ी थी। जाते समय उसने घर का ध्यान रखने और सोमवार को लौटकर आने की बात कही थी। कुछ मकान दूर रहने वाली पड़ोसन रजनी ने बताया कि भले त्रिभुवन तीन माह से पड़ोस में रह रहा हो, लेकिन उसे एक-दो बार ही देखा है। पीड़ित परिवार से उसकी घनिष्ठता थी।

जानिए कैसे...एक परिवार पर पड़ोसी ने बरपाया कहर

  • अमन यादव (पत्नी)- कार में बैठे हमलावरों ने पहले बेल्ट से अमन की गला घोंटकर हत्या कर दी। फिर रिंच से चेहरा कूंच दिया।
  • सूरज यादव (पति)- हत्यारों ने सूरज का भी गला कसकर मारने का प्रयास किया, लेकिन वह कार की खिड़की में पैर मारकर कूद गए।
  • रामजी (बेटा)- दंपती के बेटे रामजी की भी हत्या की कोशिश की गई। उसे मरा समझकर फेंक दिया था, लेकिन वह बच गया।
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आरोपियों की गिरफ्तारी को टीमें लगाई गईं है। महिला के शव का पैनल द्वारा पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। अपहरण का मुकदमा रविवार को दर्ज कर लिया गया था। अब हत्या की धारा बढ़ाई जाएगी। टैक्सी कार कानपुर देहात निवासी दिनेश के नाम दर्ज है।  -डॉ. दीक्षा शर्मा, एसपी हमीरपुर
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