पूजा की घंटी से छात्र को दिक्कत
पिता का आरोप है कि जब घर में पत्नी भगवान की पूजा के समय घंटी बजाती थी, तो बेटे को दिक्कत होती थी। वह धर्म अध्यात्म से दूर हो रहा था। छात्र ने पिता को बताया कि चार महीने पहले शिक्षिका ने उसको मिलने के लिए चर्च के पास बुलाया। वहीं बातचीत के दौरान उसकी चोटी काट दी थी।
ईसाई धर्म को बताता था शांत
कुछ महीनों से छात्र के व्यवहार में बदलाव देख परिजनों को कुछ गड़बड़ होने का शक हुआ था। पिता के अनुसार बेटे में हिंदू धर्म के प्रति आस्था कम होने लगी थी। वह ईसाई धर्म को बेहतर और शांत बताता था। उसे घर में पूजा की घंटी अच्छी नहीं लगती। इस पर पत्नी ने बेटे पर निगरानी रखनी शुरू की। फिर उसका मोबाइल चैट चेक किया, तो यह हकीकत सामने आई। वह चैट का लती हो गया था।
एबीवीपी कार्यकर्ताओं से निकाल जूलूस, पुलिस से झड़प
एबीवीपी के कार्यकर्ता सोमवार को बीएनडी कॉलेज में एकत्र हुए। यहां पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया। इस दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हुई। इसके बाद भी कार्यकर्ता जुलूस लेकर स्कूल की तरफ बढ़ गए। कैंट क्षेत्र में प्रवेश करने के दौरान आर्मी और पुलिस वालों ने मिलकर उन्हें रोक दिया।
पुलिस ने कहा, जांच जारी है, कार्रवाई होगी
कार्यकर्ताओं वहीं रुककर प्रदर्शन करने लगे। विद्यालय प्रशासन के धर्मांतरण कराने के प्रकरण व लव चैट की उच्च स्तरीय जांच की मांग की। प्रांत मंत्री विक्रांत अग्निहोत्री ने कहा कि विद्यालय प्रशासन द्वारा महापुरुषों के पाठ्यक्रमों पर क्रॉस का निशान लगाया गया है। प्रदर्शन में महानगर मंत्री मयंक पासवान भी मौजूद रहे।
महापुरुषों की तस्वीरों पर क्रॉस का निशान
एवीबीपी कानपुर प्रांत के महानगर मंत्री मयंक पासवान ने बताया कि विद्यार्थी परिषद का एक प्रतिनिधि मंडल मामले की जानकारी के लिए स्कूल पहुंचा। वहां पर सोशल साइंस की किताब में महापुरुषों की तस्वीरों पर क्रॉस का निशान बना पाया।
न तो कलावा दिखा और न ही माथे पर टीका था
फादर से पूछा गया, तो उन्होंने बताया जिन चैप्टरों के विषय में परीक्षा में पूछा नहीं जाता, उन पर क्रॉस का निशान बना दिया जाता है। वहीं, स्कूल के किसी छात्र के हाथ में न तो कलावा दिखा और न ही माथे पर टीका था। छात्रों ने बताया कि स्कूल में यह सब प्रतिबंधित है।