माइनर में शैलेंद्र की तलाश करते गोताखोर व ग्रामीण
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घटना की जानकारी मिलते ही रात में परिजन ग्रामीणों के साथ जमौली माइनर के पास पहुंचे और शैलेंद्र की खोजबीन शुरू की। काफी खोजबीन के बाद कुछ पता न चलने पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस भी खोजबीन में लगी रही, लेकिन सफलता नहीं मिली।
दोही गांव में मिला शैलेंद्र का शव
सुबह सीओ औरैया प्रदीप कुमार पुलिस बल के साथ पहुंचे और गोताखोरों की मदद से तलाश शुरू कराई। दोपहर 12 बजे के करीब दोही गांव के प्रधान राममिलन ने एक शव साइफन में फंसे होने की जानकारी दी। घटना स्थल से करीब चार किलो मीटर शव मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और शव बाहर निकाला, तो मृतक शैलेंद्र निकला।
घटना स्थल पर मौजूद परिजनों ने बताया कि शैलेंद्र अजमेर में कांच का कारोबारी है। कुछ दिन पहले ही वह छुट्टी पर घर आया था। सीओ प्रदीप कुमार ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है।
चचेरे भाई ने जताई अनहोनी की आशंका
मृतक के चचेरे भाई लालशाह पुत्र गंगाराम ने दिबियापुर थाना पुलिस को तहरीर दी है। इसमें बताया कि चचेरा भाई शैलेन्द्र अपनी ससुराल कंचौसी आया था। शाम सात बजे के बाद शैलेन्द्र का साला अमित व प्रदीप अपने कुछ अन्य साथियों के साथ शैलेन्द्र को घुमाने ले गया था। आरोप है कि यहीं पर कुछ लोगों ने उसके भाई को शराब पिलाई।
उसकी बाइक ब्रह्मदेव मंदिर जमौली के पास माइनर में पड़ी मिली। उसने भाई के साथ साजिशन घटना को अंजाम दिए जाने का आरोप लगाया है। थाना प्रभारी दिबियापुर ने बताया कि तहरीर मिली है, आरोपों के आधार पर जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने पर स्थिति साफ होगी।