अगले माह ही होनी थी पदोन्नति
एसपी चारू निगम के अनुसार लगभग एक माह बाद आने वाली पदोन्नति की सूची में अजय पाल डिप्टी एसपी के पद पर पदोन्नत होने वाला था। औरैया के बुंदेलखंड एक्सप्रेव पर लूट की वारदात में कोतवाली निरीक्षक अजय पाल कठेरिया, दरोगा चिंतन कौशिक व हेड कांस्टेबल रामशंकर के शामिल होने के बाद खाकी शर्मसार हुई है।
लूटकांड से खाकी हुई है शर्मसार
इस वारदात से कानपुर देहात पुलिस का सिर भी झुका है। इधर, बुंदेलखंड एक्सप्रेस पर हुई इस घटना के बाद औरैया एसपी लगातार सक्रिय रहीं। उन्होंने पुलिस टीम लगा कर छानबीन की तो पता चला इस लूट के गिरोह का सरगना कोई और नहीं बल्कि पड़ोसी जिले कानपुर देहात के भोगनीपुर में तैनात कोतवाल अजय पाल कठेरिया है।
प्राइवेट गाड़ी से भोगनीपुर पहुंचे थे अधिकारी
लखनऊ तक वरिष्ठ अधिकारियों को इससे अवगत कराया गया फिर माल बरामदगी के लिए औरैया एसपी सादे कपड़ों में प्राइवेट गाड़ी से भोगनीपुर पहुंची। वहां देहात एसपी बीबीजीटीएस मूर्ति भी बाइक से पहुंचे। दोनों जिलों के एसपी ने मिलकर कोतवाल के आवास पर छापामारी की।
फरार आरोपियों की तलाश जारी
अधिकारियों के पहुंचने जिस कोतवााल ने सैलूट मारा कुछ देर बाद वही लुटेरे निकला। इस पर पुलिस अधिकारी हैरत में है। पुलिस कर्मियों को निलंबित करते हुए उनकी वर्दी टोपी तत्काल जमा करा ली गई है। कोतवाली के हेड कांस्टेबल रामशंकर फरार है। पुलिस फरार आरोपी की तलाश कर रही है।
गैंग लीडर कोतवाल समेत सभी पर होगी गैंगस्टर की कार्रवाई
एसपी ने बताया कि लूट की घटना की पूरी योजना भोगनीपुर कोतवाली निरीक्षक अजय पाल कठेरिया निवासी नौगवां थाना पटियाली जनपद कासगंज ने बनाई थी। उसने वारदात में दरोगा चिंतन कौशिक निवासी बुलंदशहर, जमालुद्दीन, रफत खान, हेड कांस्टेबल रामशंकर, संजय व राकेश को शामिल किया।
शातिर किस्म का व्यक्ति है अजय पाल कठेरिया
एसपी चारु निगम का कहना है कि इन लोगों ने गैंग बनाकर लूट की वारदात को अंजाम दिया है। इसमें गैंग लीडर की भूमिका कोतवाल रहे अजय पाल कठेरिया ने निभाई है। वह शातिर किस्म का व्यक्ति है। कोतवाली निरीक्षक, दरोगा, सिपाही की बर्खास्तगी के साथ गैंगस्टर की कार्रवाई की जाएगी।