सिख विरोधी दंगों के तीन मुकदमों में सुनवाई शुरू हो गई है। इसमें दो गोविंद नगर व एक पनकी थाने का मुकदमा है। इन तीनों केसों में 11 सिखों की हत्याएं हुईं थीं, एक दर्जन आरोपी हैं। एसआईटी के डीआईजी बालेंदु भूषण ने दावा किया कि उनके पास पुख्ता साक्ष्य व गवाह मौजूद हैं, बहुत कम समय में सुनवाई पूरी होगी।
सिख विरोधी दंगों में कानपुर में 127 सिखों की हत्या हुई थी। फरवरी 2019 से इन हत्याकांड के केसों की विवेचना एसआईटी कर रही है। 11 केसों में एसआईटी ने साक्ष्य, गवाह और आरोपी खोज निकाले हैं। अब तक 36 आरोपियों को एसआईटी जेल भेज चुकी है। इसमें से एक की जेल में बीमारी से मौत हो चुकी है। अभी करीब 40 आरोपियों की गिरफ्तारी बाकी है।
इन केसों की शुरू हुई सुनवाई
पनकी के केस नंबर 188ए/84, गोविंद नगर के केस नंबर 404/84 व 333/84 में सुनवाई शुरू हुई है। गोविंद नगर के एक केस में एक ही परिवार के सात लोगों की हत्या हुई थी। इसमें विशाख सिंह, सरन कौर, गुरुवचन कौर, जोगिंदर सिंह, गुरुचरन सिंह, छत्रपाल सिंह, गुरुमुख सिंह मारे गए थे। गोविंद नगर का दूसरा केस टीटू सिंह व तेज सिंह की हत्या में दर्ज किया गया था। पनकी वाला केस सरदार स्वर्ण सिंह वह सरदार गुरुजेंदर सिंह की हत्या में दर्ज हुआ था।