4 लाख के गबन में मनावां प्रधान के सारे अधिकार छीने गांव में इंटरलाकिंग कार्य में एक ही फर्म को भुगतान कियाथा कानपुर। बिल्हौर विकास खण्ड ककवन की ग्राम पंचायत मनावां में नाली, इंटरलॉकिंग के निर्माण कार्य में 4 लाख 69 हजार की अधिक धनराशि व्यय करने पर जिला पंचायती राज अधिकारी सर्वेश कुमार ने प्रधान को निलंबित कर सारे अधिकारी छीन लिए हैं। जांच पूरी न होने तक गांव के विकास कार्य तीन सदस्यी ग्राम पंचायत सदस्यों की टीम करेगी। मनावां ग्राम प्रधान अरविंद त्रिपाठी ने ग्राम पंचायत में इंटरलॉकिंग का कार्य कराया था । जिला पंचायती राज अधिकारी ने अक्टूबर 2019 में जब निर्माण कार्य का निरीक्षण किया तो प्रधान द्वारा शासकीय आवंटित धनराशि के दुरूपयोग, वित्तीय अनियमितता पायी गई थी। प्रधान ने मनमानी ढंग से धनराशि का भुगतान एक ही फर्म को कर दिया था। इसकी शुरूआती जांच करने के लिए जिला ग्राम्य विकास अभिकरण को लगाया गया था। जिसमें प्रधान ने 4 लाख 69 हजार रुपए इंटरलाकिंग में खर्च दिखाया था। जिला पंचायती राज अधिकारी द्वारा अक्टूबर माह में निरीक्षण किया था जिससे निर्माण कार्य के सापेक्ष व्यय करने की बात सामने आई थी। प्रथम जांच के दौरान निर्माण कार्य से ज्यादा पैसा खर्च दिखाने के आरोप में ग्राम प्रधान के सारे अधिकार सीज कर ग्राम विकास कार्यों के संचालन के लिए ग्राम पंचायत सदस्य ओमप्रकाश, रामशरण, अलका को नामित किया है। जिलाधिकारी डॉ. ब्रह्म देव राम तिवारी ने मामले की अंतिम जांच के लिए अधिशाषी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण विभाग को सौंप दी है।