छिबरामऊ। नगर के राजकीय महिला चिकित्सालय में 50 शैया महिला विंग के निर्माण की गति पर लापरवाही का ब्रेक लग गया है। जिस अस्पताल को 27 मई 2021 तक बनकर तैयार होना था लेकिन अभी तक नहीं बन पाया। महिलाओं की उम्मीदों का यह अस्पताल अभी तक नहीं बन पाया है। जिससे महिलाओं की बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं की उम्मीद अभी तक अधूरी है।
नगर के राजकीय महिला चिकित्सालय परिसर में उत्तर प्रदेश राज्य निर्माण सहकारी संघ लिमिटेड कानपुर की ओर से पांच करोड़ 62 लाख 38 हजार रुपये की लागत से 50 शैया महिला विंग का निर्माण कराया जाना था। अस्पताल का निर्माण 27 मई 2021 तक पूरा होना था। अब साल 2024 शुरू हो चुका है, लेकिन अस्पताल का निर्माण अभी तक पूरा नहीं हो पाया है।
बता दें कि तत्कालीन राज्यमंत्री व विधायक अर्चना पांडेय ने प्रयास कर महिलाओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं दिलाने के लिए इस 50 शैया महिला विंग का निर्माण शुरू कराया था। इससे महिलाओं को बेहतर सुविधाएं मिलने की आस भी जगी थी, लेकिन अस्पताल का निर्माण पूरा न हो पाने से स्थानीय महिलाएं स्वास्थ्य सेवाओं के मामले में खुद को ठगा हुआ महसूस कर रही हैं।
मुख्यमंत्री कार्यदायी संस्था के खिलाफ एफआईआर के दे चुके हैं आदेश
26 सितंबर 2020 को सूबे के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओर से ली गई विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में पूर्व राज्यमंत्री व स्थानीय विधायक अर्चना पांडेय ने अस्पताल निर्माण में लापरवाही की शिकायत की थी। जिस पर मुख्यमंत्री ने कार्यदायी संस्था के जिम्मेदारों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिए थे, लेकिन इसके बाद भी अस्पताल के निर्माण को गति नहीं मिल सकीं।
वर्जन
50 शैया महिला विंग का निर्माण 31 दिसंबर 2023 तक पूरा होना था लेकिन कुछ कारणों से कार्य अभी तक चल रहा है। एक से डेढ़ महीने के अंदर अस्पताल में निर्माण कार्य को पूरा करा दिया जाएगा। -डाॅ. विनोद कुमार, सीएमओ