कन्नौज। उधार अंडे न देने पर घर में घुसकर जानलेवा हमले में चार दोषियों को कोर्ट ने पांच-पांच साल कैद की सजा सुनाई। अभियुक्तों पर कोर्ट ने अर्थदंड भी लगाया।
तिर्वा कस्बा के शास्त्रीनगर में रहने वाली सीमा देवी पत्नी रामशंकर ने 19 नवंबर 2014 को शास्त्रीनगर निवासी शानू पठान, उसके भाई फुरकान, राबी, अन्नपूर्णानगर निवासी छोटू उर्फ नौशाद और बबलू के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। इसमें बताया था कि उसके भतीजे मोनू और अमित अन्नपूर्णा नगर में अंडे की दुकान पर नौकरी कर रहे थे। इस दौरान शानू पठान ने दुकान पर पहुंच कर उधार अंडे मांगे। इंकार करने पर उसके भतीजों के साथ मारपीट की। इसके बाद शानू पठान अपने भाई फुरकान, राबी, अन्नपूर्णानगर निवासी छोटू उर्फ नौशाद और बबलू ने घर पर हमला कर दिया था। धारदार हथियारों के साथ पथराव कर परिवार के लोगों को घायल कर दिया था। इस दौरान उसके पति रामशंकर और जेठ के सिर में गंभीर चोटें आ गई थी। शनिवार को न्यायालय विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट न्यायाधीश आनंद प्रकाश द्वितीय ने मामले की सुनवाई की। साक्ष्य और गवाहों की गवाही के आधार पर शानू पठान, उसके भाई फुरकान, राबी और दोस्त छोटू उर्फ नौशान को पांच-पांच साल कैद की सुनाई। शासकीय अधिवक्ता सुधीर पांडेय ने बताया कि अभियुक्तों पर 11-11 हजार का अर्थदंड भी लगाया गया है। जबकि अभियुक्त बबलू की मौत हो चुकी है।