कालाबाजारी के शक में निजी राइस मिल के पास दो ट्रक चावल पकड़ गया है। राइस मिल में छापा मारा और सघन चेकिंग की। गोदामों की चाबी न मिलने पर उन्हें सील कर दिया गया। मामले में खाद्य परिवहन ठेकेदार के प्रतिनिधि समेत तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
जसोदा के एसएमआई नरेंद्र सिंह के मुताबिक मंगलवार को चार ट्रक सरकारी कोटे का राशन लादकर कर छिबरामऊ से जसोदा क्षेत्र के लिए चले थे। दो ट्रकों के मंगलवार को पहुंच जाने के बाद जब देर शाम तक दो अन्य ट्रक नहीं पहुंचे। एसएमआई नरेंद्र सिंह ने बताया कि दोनों ट्रक गुरसहायगंज के तिर्वा रोड ग्राम बनियानी के निकट स्थित केके राइस मिल के बाहर दोनों ट्रक सड़क पर खड़े मिले।
मामले की सूचना एसडीएम सदर डा. अरुण कुमार को दी। जिस पर वह तहसीलदार कन्नौज ऋषिकांत राजवंशी, एसएमआई कन्नौज गोरखनाथ, एसएमआई दिनेश दिवाकर, खाद्य विभाग के डिप्टी आरएमओ समरेंद्र प्रताप स्थानीय पुलिस के साथ मौके पर पहुंचे और राइस मिल के बाहर खड़े दोनों ट्रकों को कब्जे में ले लिया। राशन कोटा के माल में गड़बड़ी की आशंका में अधिकारी राइस मिल पहुंच गए और जांच पड़ताल शुरू कर दी। मिल में लगे तमाम चावल के बोरों की गिनती कराई। बंद दो गोदामों की चाबी मांगने पर भी जब नहीं मिली तो एसडीएम ने उसे सील कर दिया। इसके बाद अधिकारियों ने सीनियर मार्केटिंग विभाग के गोदामों को चेक किया।
डीएम के आदेश पर जसोदा एसएमआई नरेंद्र सिंह ने ट्रक चालक शिवराम, विनोद व खाद्य परिवहन ठेकेदार के प्रतिनिधि मयंक गुप्ता के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम की धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया गया है। मामले में एसडीएम सदर ने बताया कि शंका के आधार पर गोदाम सीज किए गए हैं। इनको खोलने के बाद जांच पड़ताल की जाएगी। यदि गड़बड़ी पाई गई तो कार्रवाई की जाएगी।
वहीं, मामले में खाद्य विभाग के डिप्टी आरएमओ समरेंद्र प्रताप ने बताया कि दोनों ट्रकों में भेजा गया कुल चावल सही सलामत मिला है। ट्रक चालक जसोदा के बजाय राइस मिल के पास कैसे पहुंचे इसकी जांच की जा रही है। उन्होंने बताया कि सरकारी राशन का रूट चेंज करना भी अपराध की श्रेणी में आता है।