दंगे के आरोपियों की होर्डिंग उतारते नगर पालिका कर्मी।
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शहर में लगी दंगे के आरोपियों की बड़ी-बड़ी होर्डिंग पर रविवार को पुलिस ने नगर पालिका कर्मचारियों के सहयोग हटवा दिया। साथ ही पुलिस ने चेतावनी दी कि दोबारा इस तरह की होर्डिंग शहर के चौराहों, तिराहों पर नजर आईं तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। पिछले साल शहर में दो बार दंगा भड़क गया था। इसमें पुलिस ने दोनों पक्षों से कई लोगों को आरोपी बनाकर जेल भेजा था। छह माह से लेकर आठ माह तक आरोपी जेल में रहे।
जमानत मिलने के बाद वे छुटकर आए। इसी खुशी में दोनों पक्षों की ओर से शहर में बड़ी-बड़ी होर्डिंग लगाई गई थी। इन होर्डिंग पर पुलिस की नजर पड़ी तो हटवाने का निर्णय लिया गया। रविवार को योजना के तहत कोतवाली प्रभारी सुभाष कुमार, वरिष्ठ उप निरीक्षक वीके गौतम नगर पालिका कर्मियों और भारी पुलिस बल के साथ शहर में पहुंचे। चिह्नित होर्डिंग को गिराकर नष्ट किया।
शहर के लाखन तिराहा से शुरू हुआ होर्डिंग हटाओ अभियान पाटानाला होते हुए तलैया चौकी होते हुए सफदरगंज पहुंचा। इस दौरान रास्ते में मिली दंगे के आरोपियों की होर्डिंग को तोड़कर नष्ट किया गया। इसी तरह शहर के अन्य मुख्य मार्गों पर लगी होर्डिंगों को हटवा दिया गया। कोतवाली प्रभारी ने होर्डिंग लगाने वालों को कड़ी हिदायत दी है कि यदि उन्होंने दोबारा इस तरह की होर्डिंग लगवाई तो संबंधित के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
इसके साथ ही उनकी जमानत निरस्त करा एक अन्य मुकदमा भी दर्ज किया जाएगा। साथ ही उन्हे नोटिस भी दी जाएगी। दोबारा होर्डिंग लगाने वालों के खिलाफ गुंडा एक्ट व गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी। प्रभारी कोतवाल सुभाष कुमार ने बताया कि शहर में दंगे के आरोपियों ने वर्चस्व को लेकर होर्डिंग लगवाई थीं। इससे माहौल बिगड़ सक ता था। इसी को लेकर होर्डिंग को हटवा दिया गया है। साथ ही कार्रवाई की पहली कड़ी शुरू कर दी गई है। जिन लोगों के होर्डिंग में नीचे नाम व फोटो लगाए गए है उन्हें भी चिह्नित किया जाएगा।