कन्नौज। गुरसहायगंज पुलिस के हाथ बड़ी सफलता लगी है। पुलिस ने समधन के एक निर्माणाधीन मकान में छापा मारकर असलहा फैक्टरी पकड़ी है। असलहा बना रहे तीन लोगों को यहां से दबोचा गया। दो भाग निकले। पुलिस ने तीन देसी बंदूकों के साथ बड़े पैमाने पर असलहा बनाने के उपकरण बरामद किए हैं।
सोमवार देर रात करीब एक बजे गुरसहायगंज कोतवाल नागेंद्र कुमार पाठक ने पुलिस बल के साथ लखइयामऊ गांव को जाने वाली रेलवे क्रासिंग के पास समधन के बाहर राशिद के निर्माणाधीन मकान की घेराबंदी कर छापा मारा। इस दौरान पुलिस टीम को देखकर राशिद और उसका भाई लल्ला दीवार फांदकर भाग गए। पुलिस ने तहखाने में अवैध हथियार बना रहे सतीश चंद्र पुत्र लक्ष्मी नरायन शर्मा निवासी मीरपुर सदर कोतवाली, मो. शकील पुत्र कुतबुद्दीन निवासी समधन खेड़ा और अरविंद ठाकुर पुत्र जयराम सिंह निवासी भरतापुर ठठिया को दबोच लिया। मौके से पुलिस ने तीन देसी बंदूकें, 60 खाली कारतूसों के अलावा हथियार बनाने वाले 36 उपकरणों को बरामद किया। मंगलवार को एएसपी विनोद कुमार ने सीओ सदर श्रीकांत प्रजापति के साथ खुलासा किया। एएसपी ने बताया कि तीनों आरोपी इससे पहले भी असलहा बनाने में जेल चुके हैं। जल्द ही फरार आरोपियों को दबोच कर जेल भेजा जाएगा। एएसपी ने गुरसहायगंज कोतवाल नागेंद्र कुमार पाठक की सराहना की है।
मध्यप्रदेश तक होती थी असलहों की सप्लाई
अवैध फैक्टरी में बनने वाली बंदूकें और राइफल पड़ोसी जनपदों के अलावा मध्यप्रदेश तक भेजी जाती थीं। राशिद ठेके पर कर्मचारियों से असलहा बनवाता था। एक असलहा बनाने पर उन्हें दो हजार रुपये मिलते थे। असलहों को तस्करों के जरिए मध्यप्रदेश के भिंड, ग्वालियर के अलावा इटावा, औरैया, फर्रुखाबाद, हरदोई में 10 से 25 हजार रुपये में बेचा जाता था। कोतवाल नागेंद्र कुमार पाठक ने बताया कि जल्द ही राशिद और उसके भाई लल्ला समेत तस्करों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।
असलहा फैक्टरी का भंडाफोड़, तीन दबोचे
गुरसहायगंज कोतवाली क्षेत्र के समधन में निर्माणाधीन मकान के तहखाने में चल रही थी फैक्टरी, पुलिस ने तीन देसी बंदूकों के साथ बरामद किए असलहा बनाने के उपकरण