दोहरे हत्याकांड के ढाई माह बाद इकलौते बेटे पर हमला
नदसिया। दंपति की हत्या के ढाई माह बाद बदमाशों ने घर पर हमला कर दिया। बदमाशों की चहल-कदमी सुनकर इकलौता बेटा जाग गया। बदमाशों को देखकर उसने चीख-पुकार मचा दी। पड़ोसियों के पहुंचने पर बदमाश भाग निकले। पीड़ित ने कोतवाली पुलिस को तहरीर देते हुए जान को खतरा बताते हुए कार्रवाई की मांग की है।
क्षेत्र के गांव गौरियापुर निवासी रमेश और उसकी पत्नी ऊषा देवी की हत्या हो गई थी। हत्या का आरोप मृतक रमेश के साले परवेंद्र निवासी कतन्नापुर हरदोई और बेटी संगीता पर लगा है। वारदात के बाद से दोनों फरार चल रहे है। घर में अब सिर्फ इकलौता बेटा योगेंद्र प्रताप सिंह रहता है। रविवार रात करीब 12 बजे योगेंद्र प्रताप घर लेटा था।
तभी छत से कुछ बदमाश घर में घुस गए। बदमाशों की आहट मिलते ही वह आंगन में आ गया। आंगन में बदमाशों को देखते ही उसने शोर मचा दिया। इससे कई पड़ोसी मौके पर आ गए। पड़ोसियों के पहुंचने पर बदमाश छत से कूदकर खेतों की भाग गए। सोमवार को योगेंद्र प्रताप ने बदमाशों के हमले से जान को खतरा बताकर गुरसहायगंज कोतवाली पुलिस को तहरीर दी है। कोतवाली प्रभारी ने बताया कि उन्हें मामले की जानकारी नहीं है। तहरीर मिलने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
चीख-पुकार सुनकर दौड़े पड़ोसियों को देखकर भाग निकले बदमाश