कन्नौज। चार साल पहले स्कूल पढ़ने गई 14 वर्षीय छात्रा का अपहरण कर शादी का झांसा देकर दुष्कर्म के आरोपी को अदालत ने दोषी करार दिया। मंगलवार को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट अलका यादव ने दोषी को 20 साल कैद की सजा के साथ 27 हजार रुपये जुर्माना लगाया है। जुर्माना अदा न करने पर छह माह अतिरिक्त कारावास की सजा काटनी पड़ेगी। अभियोजन पक्ष की ओर से आठ गवाह पेश किए गए।
विशेष लोक अभियोजक किशोर दोहरे और शासकीय अधिवक्ता नवीन दुबे ने बताया कि सदर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव का रहने वाले युवक ने दो सितंबर 2019 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोप लगाया था कि 14 वर्षीय पुत्री शहर के एक कॉलेज में कक्षा 10 की छात्रा है। सुबह सात बजे पुत्री स्कूल जाने के लिए घर से निकली थी। तब से घर नहीं लौटी। पुलिस ने छात्रा की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कर जांच की। पुलिस ने गाजीपुर जनपद के गहमर गांव निवासी चंदन ठाकुर के पास से किशोरी को पकड़ा। जांच में सामने आया था कि युवक छात्रा को शादी का झांसा देकर अपहरण कर ले गया था। उसके बाद उसने किशोरी के साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता ने कोर्ट में दिए बयान में बिना रजामंदी के शारीरिक संबंध बनाने की बात कही थी। पुलिस ने आरोप पत्र कोर्ट में दाखिल किए। अभियोजन पक्ष की ओर से आठ गवाह पेश किए गए। मंगलवार को आरोप सिद्ध होने पर विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट अलका यादव ने दोषी चंदन ठाकुर को 20 साल कारावास की सजा सुनाई है।
इन धाराओं में कोर्ट ने सुनाई सजा
अधिवक्ता ने बताया कि कोर्ट ने धारा 363 में तीन साल व दो हजार रुपये, 366 में सात साल कारावास और पांच हजार रुपये, पाॅक्सो एक्ट में 20 साल कारावास और 20 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। बताया कि सभी सजाएं एक साथ चलेगी।