अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय द्वारा रविवार को कराई गई राज्य स्तरीय बीएड संयुक्त प्रवेश परीक्षा में प्रदेश में तीन जगह सॉल्वर पकड़े गए। प्रयागराज में भाभी की परीक्षा ननद दे रही थी। जबकि आगरा में अभ्यर्थी की जगह उसका भाई परीक्षा देने पहुंचा था। इसके अलावा आजमगढ़ में महिला अभ्यर्थी के स्थान पर दूसरी महिला परीक्षा देते हुए पकड़ी गई। तीनों को हिरासत में लेकर उनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।
पहली पाली की परीक्षा में प्रयागराज के राजकीय बालिका इंटर कॉलेज में बनाए गए केंद्र में अभ्यर्थी प्रतिभा के स्थान पर उसकी ननद खीरी के ग्राम खरगाखास निवासी लक्ष्मीकुमारी परीक्षा देती हुए पाई गई। जबकि, आगरा के आगरा कॉलेज मेन कैंपस में बने केंद्र से अभ्यर्थी बिहार के नालंदा निवासी अमित चौधरी का भाई रंजीत चौधरी परीक्षा देते पकड़ा गया। इसी प्रकार आजमगढ़ के शिब्ली नेशनल काॅलेज में बने केंद्र में अभ्यर्थी शिवानी के स्थान पर आजमगढ़ के बेलइसा निवासी प्रियंका परीक्षा देते हुए पाई गई। तीनों के खिलाफ केंद्राध्यक्षों की ओर से संबंधित थानों में मुकदमा दर्ज कराया गया है। बता दें कि बुंदेलखंड विश्वविद्यालय द्वारा बीएड प्रवेश परीक्षा में पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस का इस्तेमाल किया गया, जिसके जरिये अभ्यर्थियों के स्थान पर साॅल्वरों को परीक्षा देते पकड़ा गया। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. मुकेश कुमार ने बताया कि परीक्षा नकलविहीन और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। विश्वविद्यालय की 30 जून तक परिणाम जारी करने की तैयारी है।
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90 फीसदी अभ्यर्थी हुए शामिल
बीएड प्रवेश परीक्षा का आयोजन प्रदेश के 51 जिलों में बनाए गए 470 परीक्षा केंद्रों में हुआ। सुबह नौ से दोपहर 12 बजे तक हुई पहली पाली (सामान्य ज्ञान व हिंदी-अंग्रेजी भाषा) की परीक्षा में पंजीकृत 2,23,384 अभ्यर्थियों में से 1,93,411 अभ्यर्थी शामिल हुए और 29,973 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे। जबकि, दोपहर दो से शाम पांच बजे तक हुई दूसरी पाली (कला /विज्ञान /वाणिज्य /कृषि वर्ग) की परीक्षा में 30,035 अभ्यर्थी अनुपस्थित रहे।