झांसी। कुत्तों के साथ ही पालतू बिल्लियों का पंजीकरण अनिवार्य करते ही नगर निगम में तीन दिन के भीतर पांच विदेशी बिल्लियों का पंजीकरण कराया गया है। हालांकि इनमें एक भी देसी बिल्ली नहीं है।
पालतू कुत्तों के बाद अब नगर निगम ने पालतू बिल्ली के रजिस्ट्रेशन को लेकर कड़ा रुख अख्तियार किया हुआ है। पालतू बिल्लियों का पंजीकरण नहीं होने पर इन को पकड़ने के साथ ही पालक पर पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाने का एलान किया गया है। जिसके तहत नगर निगम द्वारा टीम का गठन कर बिल्लियों का सर्वे कराया जा रहा है। टीम गठित होते ही नगर निगम में तीन दिन के भीतर ही पांच विदेशी बिल्लियों के स्वामियों ने पंजीकरण करा लिया है। जबकि कई लोग बिल्लियों के पंजीकरण की प्रक्रिया को जानने के लिए नगर निगम के चक्कर लगा रहे हैं। पशु कल्याण अधिकारी डॉ. राघवेंद्र ने बताया अब तक पांच सौ से अधिक कुत्तों का पंजीकरण किया गया है। वहीं तीन दिन के भीतर ही पांच विदेशी बिल्लियों का भी पंजीकरण कराया गया है। विदेशी बिल्ली का पंजीकरण शुल्क दौ सौ रुपये है। जबकि देसी बिल्ली कारजिस्ट्रेशन शुल्क सौ रुपये तय किया गया है। रजिस्ट्रेशन नहीं होने पर पांच हजार रुपये का जुर्माना वसूल किया जाएगा।