झांसी में एक महीने बाद मायके से ससुराल लौटी महिला का शव घर में फांसी के फंदे पर लटका मिला। मायके वालों का आरोप है कि उसकी हत्या करने के बाद शव को लटकाया गया है। एक सुसाइड नोट भी मिला है। पुलिस का कहना है कि मायके वालों ने सुसाइड नोट दिया है। उसकी जांच कराई जा रही है।
बड़ागांव थाना क्षेत्र के पारीछा निवासी दिलीप कुमार की पत्नी नीतू रायकवार (30) गृहिणी थी। दिलीप कुमार पारीछा पावर प्लांट में एक ठेकेदार का सुपरवाइजर है। झांसी में मुंशीराम कंपाउंड निवासी मायके वालों का कहना है कि दोनों की शादी 2011 में हुई थी। शादी के बाद से ही दोनों के बीच विवाद रहने लगा था।
आरोप है कि ससुराल वाले मारपीट करते थे। इन दोनों के दो बच्चे भी हैं। एक दस साल का बेटा वंश है और दूसरा 8 साल का अंशुमान है। जब दोनों के बीच विवाद बढ़ गया तो नीतू अपने मायके चली गई जबकि दोनों बच्चे मायके में अपने पिता दिलीप के ही पास थे। बताया जाता है कि नीतू एक महीने बाद ससुराल वापस गई थी।
वह अपने बच्चों से मिलने और उन्हें कुछ दिन के लिए अपने साथ लेने गई थी। इसी बीच पता चला कि नीतू का शव घर में फांसी के फंदे पर लटका हुआ है। इत्तला पाकर मायके पक्ष के लोग भी मौके पर पहुंच गए। इन लोगों ने ससुराल वालों पर हत्या का आरोप लगाया है।
एक सुसाइड नोट भी पुलिस को दिया है जो बताया जा रहा है कि नीतू मायके में लिखकर आई थी। पुलिस मामले की जांच करा रही है। हालांकि अभी कोई तहरीर नहीं मिली है। थाना प्रभारी परमेंद्र सिंह का कहना है कि तहरीर नहीं मिली है। तहरीर मिलने के बाद कार्रवाई की जाएगी।
मेरे साथ ससुराल वालों ने बहुत गलत किया
मायके पक्ष के लोगों ने जो सुसाइड नोट पुलिस को दिया है उसमें लिखा है कि मेरे साथ जुल्म हुए हैं। शोषण किया गया है। पति और ससुराल के दूसरे लोगों पर गंभीर आरोप लगाए हैं।