पूंछ। क्षेत्र के छह गांवों में गो आश्रय स्थल स्थित हैं। बावजूद, गोवंश छुटटा घूम रहे हैं। अन्ना जावर खेतों में बोई गई मूंग व उड़द की फसल को नुकसान पहुंचा रहे हैं। छुट्टा पशुओं की वजह से किसानों को दिन-रात खेतों की निगरानी करनी पड़ रही है। ग्राम सेसा निवासी प्रदीप वर्मा, सौरभ कुमार, मोनू बुधौलिया ने बताया कि उनके खेतों में मूंग एवं उड़द की फसल बोई है। गोवंश व जंगली गाय के कारण दिन-रात खेतों की रखवाली करनी पड़ रही है। बावजूद, फसल नष्ट हो रही है। उन्होंने प्रशासन ने छुट्टा पशुओं पर अंकुश लगाने की मांग की है। संवाद