झांसी। मोर्चरी में रखे शव को देख युवती चीख पड़ी। बोली, यह तो उसका भाई है। हाथ और कपड़ों से उसने पहचान की। पोस्टमार्टम हाउस पर मौजूद लोगों से युवती बार बार कह रही थी...उसके भाई का कोई सिर तो ढूंढकर ला दो। पुलिस ने बताया कि युवक का शव रेलवे ट्रैक पर पड़ा मिला था। शव से सिर गायब था। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया।
खिरकपट्टी निवासी मुन्नालाल का पुत्र सुरेंद्र पाल (35) मजदूरी कर अपने परिवार का जीवन यापन करता था। वह शुक्रवार को घर से रिश्तेदारी में जाने की बात कहकर निकला था। इसके बाद से वह लौटकर नहीं आया। परिजनों ने काफी तलाश की, परंतु पता नहीं चला। सोमवार को एक शव झांसी में प्रयागराज रेलवे ट्रैक पर पड़ा मिला था। लाश का सिर गायब था, पुलिस के हाथ केवल धड़ ही लगा था। तमाम कोशिशों के बाद भी शव की शिनाख्त नहीं हो पाई थी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर लावारिस में दर्ज कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था। वहीं घर से गायब सुरेंद्र की तलाश में भटक रहे परिवार वालों को जब पता चला कि पुलिस ने कोई शव बरामद किया है तो उसकी बहन रीता पोस्टमार्टम हाउस पहुंच गई। शव देखते ही वह अपने भाई को पहचान गई। उसकी चीख निकल पड़ी। साथ गए लोगों ने मुश्किल से उसे संभाला। बहन ने बताया कि उसके भाई की शादी हो चुकी है। उसके पांच साल का एक बेटा लाडो भी है। पत्नी तीन साल से भाई के साथ नहीं रह रही थी। वह मायके में रहती थी। भाई ट्रेन की चपेट में कैसे आया, इस पर बहन ने अनभिज्ञता जाहिर की। बुधवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों के हवाले कर दिया गया। सदर बाजार थाने के इंस्पेक्टर सुदीप मिश्रा ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला आत्महत्या का है। घटना की पड़ताल की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थित साफ होगी।