झांसी। मंगलवार को इस्लामी माह शाबान का चांद नजर आ गया। बुधवार को माह-ए-शाबान की पहली तारीख होगी। हिलाल कमेटी के सदस्य मुफ्ती साबिर कासमी के मुताबिक सात मार्च को शब-ए-बरात मनाई जाएगी।
इस्लामी मान्यता के अनुसार शाबान बड़ी ही रहमतों का महीना होता है। इसी माह में शब-ए-बरात होती है। जिसमें लोग सारी रात जागकर अल्लाह की इबादत करते हैं। इस रात को बड़ी ही अजमतों वाली रात कहा जाता है। इसके साथ ही मुस्लिम समुदाय के लोग कब्रिस्तानों को रोशन कर दुनिया से विदा हो चुके मरहूमों की मगफिरत की दुआ करते हैं। उलमाओं के मुताबिक शब-ए-बरात को निजात की रात भी कहा जाता है। जिसमें सारी रात इबादत कर मांगी गई दुआ अल्लाह की बारगाह में जरूर कुबूल होती है। शाबान का महीना खत्म होते ही रमजान का मुबारक महीना शुरू होता है। मुफ्ती साबिर कासमी ने बताया कि मंगलवार को शाबान का चांद नजर आया है। सात मार्च को शब-ए-बरात मनाई जाएगी।