झांसी। गुरसरास के बरगाय निवासी किसान ने मटर की फसल खराब हो जाने से दुखी होकर जहर खा लिया। परिजन उसे अचेतावस्था में लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। यहां उसने सोमवार सुबह दम तोड़ दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया है। परिजनों का कहना है कि फसल की बुवाई के लिए उसने कर्जा भी लिया हुआ था।
परिजनों के मुताबिक शांतनु (40) पुत्र शैलेष कुमार जीविकोपार्जन के लिए खेती करता था। इस सीजन में उसने 10 एकड़ में मटर की बुवाई की थी। फसल के लिए उसने कुछ लोगों से पैसा भी उधार लिया हुआ था लेकिन, मौसम खराब हो जाने से मटर की फसल नष्ट हो गई। पिछले माह फसल की कटाई में सिर्फ 8-10 बोरा मटर ही उसके हाथ आई थी। इससे वह काफी परेशान हो गया था। परिजनों का कहना है कि घर में भी वह गुमसुम रहता था। रविवार को पत्नी ज्योति एवं मां राजेश्वरी देवी घर से बाहर गए थे। बच्चे भी नहीं थे। इसी दौरान शांतनु ने जहरीला पदार्थ खा लिया। शाम को जब ज्योति घर लौटी तब शांतनु बिस्तर पर अचेत पड़ा था। यह देखकर ज्योति ने शोर मचाया। इसके बाद परिवार के लोग उसे लेकर मेडिकल कॉलेज पहुंचे। परिजनों का कहना है कि शांतनु पर इसके पहले का भी कर्जा था। पिता होम्योपैथी चिकित्सक थे। उनकी करीब 16 साल पहले मौत हो चुकी। इसके बाद से परिवार के भरण-पोषण का जिम्मा शांतनु पर था।