झांसी। महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती सर्जरी विभाग के जूनियर डॉक्टर की रिपोर्ट निगेटिव आ गई है। इनकी पत्नी कोरोना पॉजिटिव होने के बाद बुधवार को जूनियर डॉक्टर का सैंपल जांच के लिए सैफई मेडिकल कॉलेज भेजा गया था। रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद कॉलेज अधिकारियों समेत समस्त स्टाफ ने राहत की सांस ली है। हालांकि, जूनियर डॉक्टर का सैंपल दोबारा जांच के लिए फिर भेजा जाएगा। मेडिकल कॉलेज के सर्जरी विभाग के जूनियर डॉक्टर की पत्नी इंदौर मेडिकल कॉलेज के गायनी विभाग में जूनियर चिकित्सक के पद पर कार्यरत हैं। बीते 19 से 24 मार्च तक वह अपने पति के पास झांसी मेडिकल कॉलेज के 80 पीजी हॉस्टल में रुकी थीं। 25 मार्च को इंदौर लौटने के बाद से उनकी तबीयत बिगड़ने लगी। बाद में कोरोना वायरस की जांच कराई गई तो रिपोर्ट पॉजिटिव आई। उन्होंने झांसी फोन करके पति को जानकारी दी। बीते बुधवार को पति को मेडिकल कॉलेज के आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कर कोरोना वायरस की जांच का सैंपल भेजा गया। बृहस्पतिवार व शुक्रवार की रात को दो बजे सैफई मेडिकल कॉलेज की जांच रिपोर्ट आई। रिपोर्ट में कोरोना वायरस की पुष्टि नहीं हुई है। रिपोर्ट आने के बाद मेडिकल कॉलेज के अधिकारी, डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ समेत सभी ने राहत की सांस ली है। हालांकि, जूनियर डॉक्टर की दोबारा जांच भी कराई जाएगी। आगामी 15 दिनों तक जूनियर डॉक्टर और संपर्क में आए सभी लोगों को होम क्वारंटीन में रहने के निर्देश दिए गए हैं।