झांसी के प्रेमनगर थाना इलाके में एक साल पहले हुई दंपती की हत्या का पुलिस ने रविवार को खुलासा कर दिया। प्रॉपर्टी की लालच में साढ़ू ने दंपती को मौत के घाट उतारा था। पहले दोनों को पूजा-पाठ के बहाने जहर खिलाया गया था और उसके बाद कुल्हाड़ी से गला काटकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी भी बरामद कर ली गई है।
प्रेमनगर की सिद्ध की टोरिया क्षेत्र में रहने वाले बलवीर यादव उर्फ चुन्ना (45) और उनकी पत्नी अंजू (40) की लाश 30 सितंबर 2021 को उनके घर में पड़ी मिली थी। उनकी गला काटकर हत्या की गई थी। घटना के खुलासे के लिए पुलिस ने कई लोगों से पूछताछ की थी, परंतु कुछ हासिल नहीं हो पाया था। घटना के तेरह महीने बाद अब जाकर पुलिस खुलासा कर पाई है।
घटना को अंजाम मृतक बलवीर यादव के साढ़ू रक्सा के ग्राम अठौंदना निवासी सुरेंद्र यादव (32) ने दिया था। आरोपी सुरेंद्र यादव ने मृतक बलवीर से चार लाख रुपये उधार ले रखा था। भैंस खरीदने के लिए बलवीर अपनी रकम सुरेंद्र से वापस मांग रहा था, जिसे वह लौटा नहीं पा रहा था। इसके अलावा मृतक दंपती निसंतान थे।
ऐसे में सुरेंद्र के मन मेें लालच आ गया था कि दोनों की मौत के बाद उनकी जायदाद उसे मिल जाएगी। इसके बाद उसने योजनाबद्ध तरीके से घटना को अंजाम दे डाला। उसने दोनों को पहले संतान प्राप्ति की पूजा-पाठ के बहाने जहर खिलाया था और उसके बाद कुल्हाड़ी से हमला कर दोनों को मौत के घाट उतार दिया था।
कुत्तों की मौत से मिला था अहम सुराग
प्रेमनगर थाने के प्रभारी निरीक्षक संजय शुक्ला ने बताया कि घटना की जांच के दौरान सामने आया था कि मृतक दंपती ने दो कुत्ते भी पाल रखे थे। रात में हुई घटना के बाद अगली सुबह वे दोनों भी मृत पाए गए थे। अनुमान लगाया गया था कि कुत्तों की मौत जहर खाने से हुई थी। मृत दंपती का बिसरा जांच के लिए भेजा गया था, जिसकी रिपोर्ट में जहर खाने की पुष्टि हुई।
इसके बाद यह देखा गया कि दोनों की मौत से सबसे ज्यादा फायदा किसे होने वाला है, इस पर आरोपी सुरेंद्र यादव का नाम सामने आया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि मृतक दंपती निसंतान थे। वे संतान प्राप्ति की इच्छा रखते थे। इस पर 29 सितंबर 2021 की शाम वह उनके घर एक तांत्रिक को पूजा करने के लिए ले गया था। साथ में उसका एक दोस्त भी था।
पूजा के बाद तीनों वापस चले गए थे। इसके बाद रात तकरीबन दस बजे सुरेंद्र बलवीर के घर पहुंचा और उसे पुड़िया दी। बताया था कि यह प्रसाद तांत्रिक ने दिया है, जिसे खाने से उनकी मनोकामना पूरी हो जाएगी। प्रसाद में जहर मिला हुआ था, जिसे खाने से दोनों अचेत हो गए। इसके बाद देर रात घर पहुंचकर उसने दोनों को कुल्हाड़ी से काट डाला।